डूरंड लाइन पर बढ़ा तनाव: पाक एयरस्ट्राइक के बाद अफगानिस्तान ने सीमा पर जवाबी हमला शुरू किया
punjabkesari.in Thursday, Feb 26, 2026 - 10:49 PM (IST)
नेशनल डेस्क : अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच सीमा क्षेत्र में तनाव एक बार फिर तेज़ हो गया है। पाकिस्तान की ओर से किए गए कथित हवाई हमलों के बाद अफ़गानिस्तान के तालिबान प्रशासन ने सीमा पर जवाबी सैन्य कार्रवाई शुरू करने का ऐलान किया है। इस्लामिक अमीरात ऑफ़ अफ़गानिस्तान के प्रवक्ता Zabihullah Mujahid ने बयान जारी कर कहा कि डूरंड लाइन पर पाकिस्तानी सैन्य ठिकानों के खिलाफ “व्यापक स्तर पर ऑपरेशन” शुरू किए गए हैं।
एयरस्ट्राइक के बाद बढ़ी तल्खी
अफ़गान अधिकारियों के मुताबिक, पाकिस्तान ने पूर्वी अफ़गान प्रांतों नंगरहार और पक्तिका में हवाई हमले किए, जिनमें महिलाओं और बच्चों सहित कई नागरिकों के मारे जाने का दावा किया गया है। हालांकि मृतकों की आधिकारिक संख्या स्पष्ट नहीं की गई है, लेकिन स्थानीय रिपोर्टों में एक ही परिवार के कई सदस्यों के हताहत होने की बात कही गई है।
वहीं पाकिस्तान ने इन हमलों को “आतंकी ठिकानों के खिलाफ लक्षित कार्रवाई” बताया है। इस्लामाबाद का कहना है कि सीमा पार से सक्रिय उग्रवादी समूहों के खिलाफ यह कदम उठाया गया।
‘उकसावे का जवाब’ बता रहा तालिबान
तालिबान प्रशासन ने पाकिस्तानी कार्रवाई को संप्रभुता का उल्लंघन करार देते हुए जवाबी सैन्य अभियान की घोषणा की। प्रवक्ता मुजाहिद ने आरोप लगाया कि बार-बार की गई ऐसी कार्रवाइयों के खिलाफ अफ़गान बलों ने सीमावर्ती क्षेत्रों में सैन्य मोर्चा संभाल लिया है। तालिबान की 201 खालिद बिन वालिद कॉर्प्स से जुड़े सूत्रों का दावा है कि पूर्वी सीमा क्षेत्रों में पाकिस्तानी चौकियों को निशाना बनाया जा रहा है। हालांकि स्वतंत्र रूप से इन दावों की पुष्टि नहीं हो सकी है।
टीटीपी को लेकर पुराना विवाद
दोनों देशों के बीच तनाव का मुख्य कारण सीमा पार उग्रवाद का मुद्दा रहा है। पाकिस्तान लगातार आरोप लगाता रहा है कि Tehrik-i-Taliban Pakistan (TTP) के लड़ाके अफ़गान क्षेत्र का इस्तेमाल कर पाकिस्तान में हमले करते हैं। तालिबान प्रशासन इन आरोपों से इनकार करता आया है और कहता है कि वह किसी भी देश के खिलाफ अपनी जमीन इस्तेमाल नहीं होने देगा।
डूरंड लाइन बना फ्लैशपॉइंट
ब्रिटिश शासनकाल में खींची गई विवादित सीमा रेखा, Durand Line, लंबे समय से दोनों देशों के बीच विवाद का कारण रही है। समय-समय पर यहां गोलाबारी और कूटनीतिक तनातनी होती रही है। मौजूदा घटनाक्रम ने स्थिति को और संवेदनशील बना दिया है।
