दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति यून सुक येओल को पद से हटाया गया, जानें क्या है पूरा मामला
punjabkesari.in Friday, Apr 04, 2025 - 01:47 PM (IST)

नेशनल डेस्क: दक्षिण कोरिया के संवैधानिक न्यायालय ने शुक्रवार को राष्ट्रपति यून सुक येओल को ‘मार्शल लॉ' लागू करने के कारण पद से हटा दिया। न्यायालय ने यह फैसला सुनाया कि यून ने देश में ‘मार्शल लॉ' की घोषणा करके और संसद में सेना भेजकर संविधान और कानूनों का उल्लंघन किया। इसके बाद, यून ने जनता से माफी मांगी और कहा कि वह उनकी उम्मीदों पर खरा नहीं उतर सके, जिसके लिए वह दुखी हैं।
बता दें कि चार माह पहले यून सुक येओल ने देश में ‘मार्शल लॉ' लागू किया था, जिससे देश की राजनीति में हड़कंप मच गया था। इस फैसले के कारण संसद में सेना भेजी गई थी और इसके खिलाफ महाभियोग प्रक्रिया शुरू की गई थी। इस कदम से जनता में भारी नाराजगी थी और लोग राष्ट्रपति के फैसले के खिलाफ सड़कों पर उतर आए थे। वहीं, अब दक्षिण कोरिया को दो माह के भीतर नया राष्ट्रपति चुनने के लिए चुनाव कराना होगा। सर्वेक्षणों से यह संकेत मिल रहे हैं कि विपक्षी पार्टी ‘डेमोक्रेटिक पार्टी' के नेता ली जे-म्यांग अगले राष्ट्रपति बन सकते हैं।
न्यायालय के कार्यवाहक प्रमुख मून ह्युंग-बे ने फैसला सुनाते हुए कहा कि आठ सदस्यीय पीठ ने यून के खिलाफ महाभियोग को बरकरार रखा है, क्योंकि उनके आदेश ने संविधान और अन्य कानूनों का गंभीर उल्लंघन किया है। मून ह्युंग-बे ने कहा, “राष्ट्रपति ने न केवल ‘मार्शल लॉ' की घोषणा की, बल्कि विधायी अधिकारों में बाधा डालने के लिए सेना और पुलिस बलों को भी जुटाया, जो संविधान का उल्लंघन था।”
इसके बाद, यून सुक येओल ने एक बयान जारी करते हुए कहा, "मुझे बहुत खेद है कि मैं जनता की उम्मीदों पर खरा नहीं उतर सका। मैं देश और उसके लोगों के लिए प्रार्थना करूंगा।" उन्होंने यह भी कहा, "कोरिया गणराज्य के लिए काम करना मेरे लिए सम्मान की बात रही है।"