Epstein Case:अनसील्ड दस्तावेजों में 30 वैश्विक हस्तियों के नाम सामने आए, नेता-अरबपति और कलाकार शामिल
punjabkesari.in Tuesday, Feb 10, 2026 - 04:43 PM (IST)
Washington: नई सार्वजनिक हुई जेफ्री एपस्टीन से जुड़ी फाइलों को लेकर सोशल मीडिया पर तीखी बहस छिड़ गई है। एक सोशल मीडिया पोस्ट में दावा किया गया है कि नई एपस्टीन फाइल्स में दुनिया के कई बड़े राजनीतिक नेताओं, कलाकारों, वैज्ञानिकों और उद्योगपतियों के नाम सामने आए हैं। हालांकि यह स्पष्ट किया गया है कि इन फाइलों में नामों का आना किसी भी व्यक्ति के खिलाफ अपराध सिद्ध होने का प्रमाण नहीं है। 2019 में जेफ्री एपस्टीन की मौत के बाद से लेकर 2024–26 के बीच, अमेरिकी अदालतों द्वारा 1,000 से अधिक पन्नों के दस्तावेज सार्वजनिक किए गए।
The most prominent names that appeared in the new Epstein files:
🚨 Political leaders and influential figures
• Donald Trump
• Joe Biden
• Bill Clinton
• Hillary Clinton
• Al Gore
• Robert F. John F. Kennedy Jr.
• Prince Andrew
• Ehud Barak
• Bill Richardson
• Tom… pic.twitter.com/knKciBrcui
— Ahmed Hassan 🇾🇪 أحمد حسن زيد (@Ahmed_hassan_za) January 31, 2026
इन फाइलों में फ्लाइट लॉग्स, ईमेल, कॉन्टैक्ट बुक्स, गवाहियों और आंतरिक मेमो शामिल हैं। इन दस्तावेजों में कई प्रभावशाली नाम सामने आए, लेकिन नाम आना अपराध सिद्ध होना, यह अंतर कानूनी तौर पर बेहद अहम है।यह सूची सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर यूज़र Ahmed Hassan (Ahmed_hassan_za) द्वारा 1 फरवरी को साझा की गई। पोस्ट में कहा गया कि “नई एपस्टीन फाइल्स” में कुछ प्रमुख नाम सामने आए हैं, जिसके बाद यह पोस्ट तेजी से वायरल हो गई। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसी सूचियों को सावधानी से पढ़ने की जरूरत है, क्योंकि कई नाम केवल संपर्क, बैठक, यात्रा या संदर्भ के तौर पर दस्तावेज़ों में दर्ज हो सकते हैं।
राजनीतिक और प्रभावशाली हस्तियों के नाम
वायरल सूची में अमेरिका और दुनिया के कई प्रमुख राजनीतिक नाम शामिल बताए गए हैं। इनमें डोनाल्ड ट्रंप, जो बाइडन, बिल क्लिंटन, हिलेरी क्लिंटन, अल गोर, रॉबर्ट एफ. कैनेडी जूनियर, प्रिंस एंड्रयू, इज़राइल के पूर्व प्रधानमंत्री एहुद बराक, बिल रिचर्डसन, टॉम प्रिट्ज़कर, डग बैंड, पूर्व FBI निदेशक लुईस फ्री और प्रसिद्ध विचारक नोम चॉम्स्की जैसे नाम शामिल बताए गए हैं।
फिल्म, कला और ग्लैमर की दुनिया के नाम
सूची में मनोरंजन जगत से जुड़े कई चर्चित नाम भी सामने रखे गए हैं। इनमें माइकल जैक्सन, लियोनार्डो डिकैप्रियो, केविन स्पेसी, जॉर्ज लुकास, मैडोना, केट ब्लैंचेट, कैमरन डियाज़, नाओमी कैंपबेल, हाइडी क्लम, क्रिस टकर, ब्रूस विलिस और बियांका जैगर के नाम शामिल हैं।
वैज्ञानिक, शिक्षाविद और कारोबारी
पोस्ट में विज्ञान और बिजनेस जगत की हस्तियों के नाम भी गिनाए गए हैं। इनमें स्टीफन हॉकिंग, बिल गेट्स, रिचर्ड ब्रैनसन, मार्विन मिन्स्की, ग्लेन डुबिन, ईवा एंडरसन डुबिन, लेस वेक्सनर, एबिगेल वेक्सनर, फ्रेडरिक विकाई, एलेक्ज़ेंड्रा विकाई, पीटर लिस्टरमैन, रिकार्डो लेगोरेटा और एलन मस्क जैसे नाम शामिल बताए गए हैं।
नाम आने का मतलब क्या है
कानूनी विशेषज्ञों और मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, एपस्टीन फाइल्स में नामों का आना यह जरूरी नहीं बनाता कि संबंधित व्यक्ति ने कोई अपराध किया हो। कई मामलों में ये नाम संपर्क सूची, उड़ान लॉग, ईमेल, सामाजिक मेलजोल या फंडिंग से जुड़े संदर्भों में दर्ज हो सकते हैं। अब तक इन नामों में से कई हस्तियां पहले ही एपस्टीन से किसी भी गैरकानूनी गतिविधि में शामिल होने से इनकार कर चुकी हैं।
ज्यादा चर्चा में ये नाम
प्रिंस एंड्रयू (ब्रिटेन)
अनसील्ड दस्तावेजों में सबसे ज्यादा चर्चा में रहा नाम।
वर्जीनिया ग्युफ्रे ने दावा किया कि वह नाबालिग अवस्था में प्रिंस एंड्रयू से मिली थीं।
प्रिंस एंड्रयू ने सभी आरोपों से इनकार किया और मामला अदालत के बाहर समझौते से निपटा।
उन पर कोई आपराधिक सजा नहीं हुई, लेकिन शाही जिम्मेदारियां छिन गईं।
बिल क्लिंटन (पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति)
एपस्टीन के फ्लाइट लॉग्स में नाम दर्ज।
क्लिंटन ने कहा कि वे कभी एपस्टीन के निजी द्वीप पर नहीं गए और किसी अवैध गतिविधि की जानकारी नहीं थी।
दस्तावेजों में कोई आपराधिक आरोप नहीं, केवल संपर्क और यात्रा का उल्लेख।
डोनाल्ड ट्रंप ( अमेरिकी राष्ट्रपति)
पुराने सामाजिक आयोजनों और तस्वीरों में एपस्टीन के साथ दिखे।
ट्रंप ने दावा किया कि उन्होंने एपस्टीन से रिश्ते बहुत पहले तोड़ लिए थे।
अनसील्ड फाइलों में कोई पीड़ित आरोप या आपराधिक लिंक दर्ज नहीं।
पीटर मैंडलसन (ब्रिटेन)
पूर्व ब्रिटिश मंत्री और राजनयिक।
दस्तावेजों में नाम और संपर्क सामने आए।
उन पर यौन अपराध का आरोप नहीं, लेकिन एपस्टीन से करीबी रिश्तों को लेकर राजनीतिक विवाद हुआ।
एलन डर्शोविट्ज़ (प्रसिद्ध वकील)
वर्जीनिया ग्युफ्रे ने आरोप लगाए, जिन्हें डर्शोविट्ज़ ने सिरे से खारिज किया।
बाद में दोनों के बीच मानहानि का केस सेटलमेंट हुआ।
कोई आपराधिक दोष सिद्ध नहीं।
लेस वेक्सनर (अरबपति कारोबारी)
एपस्टीन की संपत्ति और वित्तीय ताकत के पीछे प्रमुख नाम।
दस्तावेज बताते हैं कि उन्होंने एपस्टीन को असाधारण वित्तीय अधिकार दिए।
उन्होंने कहा कि वे खुद एपस्टीन के धोखे का शिकार हुए।
वैज्ञानिक, उद्योगपति और विदेशी नेता
फाइलों में कई और नाम सामने आए:
अकादमिक्स, टेक और फाइनेंस से जुड़े लोग, विदेशी राजनयिक।
अधिकतर मामलों में सिर्फ संपर्क या सामाजिक मेलजोल का जिक्र है, न कि अपराध।
सबसे बड़ा सवाल
पीड़ितों और मानवाधिकार संगठनों का कहना है कि दस्तावेज सार्वजनिक हुए नाम सामने आए। पैटर्न दिखे लेकिन जांच मैक्सवेल से आगे नहीं बढ़ी। यही कारण है कि एपस्टीन सर्वाइवर्स ने अपनी स्वतंत्र सूची बनाने की घोषणा की। अनसील्ड फाइल्स यह दिखाती हैं कि एपस्टीन अकेला नहीं था। लेकिन कानून अब भी यही कहता है नाम होना अपराध का प्रमाण नहीं है। फिर भी सवाल बना हुआ है कि क्या ताकतवर लोगों की वजह से न्याय अधूरा रह गया?
