Taskaree: The Smuggler’s Web में सामने आए भारत के कस्टम्स ऑफिसर्स, देश की सीमा पर खामोश योद्धा
punjabkesari.in Monday, Jan 12, 2026 - 04:20 PM (IST)
नई दिल्ली/टीम डिजिटल। कभी-कभी सबसे बड़े हीरो केप पहनकर नहीं, बल्कि यूनिफ़ॉर्म पहनकर चुपचाप काम करते हैं, ताकि देश के नागरिक स्वतंत्र रूप से जीवन जी सकें। हर दिन, जब करोड़ों भारतीय अपने जीवन में व्यस्त होते हैं, एक खामोश शक्ति हमारे बॉर्डर, एयरपोर्ट और पोर्ट्स पर खड़ी रहती है और देश को अवैध व्यापार, खतरनाक पदार्थों और वित्तीय अपराधों से बचाती है।
Netflix की वेब सीरीज Taskaree: The Smuggler’s Web भारत के इन असली हीरोज़ कस्टम्स ऑफिसर्स पर रोशनी डालती है।
तस्करी हमेशा ही देशों के लिए चुनौती रही है – भारत ने हमेशा मुकाबला किया। भारतीय कस्टम्स ऑफिसर्स सिर्फ़ सामान चेक नहीं करते – वे देश के भविष्य की सुरक्षा करते हैं। जैसा शो में कहा गया है सदियों से जहां-जहां travel और business हुई है, वहां taskaree भी हुई है। व्यापार ने सभ्यताओं का निर्माण किया, लेकिन अपराध को भी आमंत्रित किया। भारत के लिए, जो वैश्विक व्यापार मार्गों के केंद्र में है, यह चुनौती हमेशा बनी रही। आज के कस्टम्स ऑफिसर्स भी उसी सतर्कता के साथ भारत की अर्थव्यवस्था और सीमाओं की रक्षा कर रहे हैं।
कस्टम्स ऑफिसर्स: आर्थिक राष्ट्रभक्ति के रक्षक
वे बिना किसी स्पॉटलाइट के सेवा करते हैं, लेकिन उनकी सतर्कता से तिरंगा हमेशा ऊंचा रहता है।
क्या आप जानते हैं? विदेश से ₹50,000 से अधिक का सामान खरीदने पर उसे कानूनी रूप से घोषित करना और टैक्स देना ज़रूरी है। यह सिर्फ़ कागजी कार्रवाई नहीं, बल्कि भारत की राजस्व और घरेलू व्यापार की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। हर वसूला गया शुल्क राष्ट्रीय विकास में योगदान देता है और हर पकड़ा गया टैक्स चोरी आर्थिक सुरक्षा की जीत है।
भारत के कस्टम्स में कानून के सामने सब समान हैं
शिष्टाचार अलग हो सकता है, लेकिन कानून के सामने कोई भेदभाव नहीं। चाहे सेलिब्रिटी हो, बिज़नेस टायकून हो या पहली बार यात्रा करने वाला व्यक्ति, कस्टम्स नियम सभी पर समान रूप से लागू होते हैं। इस निष्पक्षता के कारण ही जनता का भरोसा कायम रहता है और राष्ट्रीय सुरक्षा के मामले में कोई समझौता नहीं होता।
मुंबई एयरपोर्ट: राष्ट्रीय सुरक्षा की मोर्चेबंदी
मुंबई एयरपोर्ट की संचालन क्षमता अविश्वसनीय है:
लगभग 2,000 एकड़ में फैला
1,000 से अधिक उड़ानें प्रतिदिन
लगभग 1.5 लाख यात्री रोज़
करीब 30,000 टन कार्गो नियमित रूप से
इस भीड़ को संभालना तेज़ बुद्धि, समन्वय और 24×7 सतर्कता मांगता है। कस्टम्स ऑफिसर्स के लिए यह सिर्फ़ कार्यस्थल नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय अपराध के खिलाफ भारत की सबसे व्यस्त मोर्चेबंदी में से एक है।
हर जब्ती: जनता की सुरक्षा और देश की जीत
कस्टम्स ऑफिसर्स द्वारा रोकी गई वस्तुएं उनके काम की गंभीरता को दर्शाती हैं:
3.2 करोड़ के लग्ज़री सामान जो कानूनी चैनलों से बच निकले
24 कैरेट गोल्ड, 650 ग्राम, ₹65 लाख मूल्य का, आर्थिक स्थिरता पर असर डाल सकता था
हाई-एंड वॉचेस ₹6 लाख मूल्य की, संगठित तस्करी का हिस्सा
