Holi 2026 : होली पर इन 7 जगहों पर जलाएं दीपक, बदल जाएगी किस्मत
punjabkesari.in Monday, Mar 02, 2026 - 02:38 PM (IST)
शास्त्रों की बात, जानें धर्म के साथ
Holi 2026 : भारतीय संस्कृति में होली केवल रंगों का त्योहार नहीं है, बल्कि यह बुराई पर अच्छाई की जीत और आध्यात्मिक शुद्धि का भी पर्व है। साल 2026 की होली विशेष संयोगों के साथ आ रही है। इस दिन किए गए ज्योतिषीय उपाय और धार्मिक अनुष्ठान जीवन में सुख, समृद्धि और सौभाग्य लाते हैं। अग्नि तत्व का इस त्योहार में बहुत महत्व है, क्योंकि होलिका दहन के जरिए हम अपनी नकारात्मकता को जलाते हैं। शास्त्रों के अनुसार, होलिका दहन की रात को सिद्ध रात्रि माना जाता है। इस रात यदि आप घर की कुछ विशेष जगहों पर दीपक जलाते हैं, तो माता लक्ष्मी की कृपा बरसती है और बंद किस्मत के ताले खुल जाते हैं।
घर के मुख्य द्वार पर
घर का मुख्य द्वार वह स्थान है जहां से सकारात्मक ऊर्जा और माँ लक्ष्मी का प्रवेश होता है। होलिका दहन के बाद घर के मुख्य द्वार के दोनों ओर सरसों के तेल का दीपक जलाएं। यह आपके घर को बुरी नजर और नकारात्मक शक्तियों से बचाता है। यदि द्वार पर दीपक जलता है, तो दरिद्रता घर में प्रवेश नहीं कर पाती और साल भर बरकत बनी रहती है।

तुलसी के पौधे के पास
हिंदू धर्म में तुलसी को साक्षात लक्ष्मी का रूप माना गया है। शाम के समय तुलसी के क्यारे में शुद्ध घी का दीपक प्रज्वलित करें। होली के दिन तुलसी पूजन से पारिवारिक कलह समाप्त होती है और पति-पत्नी के संबंधों में मधुरता आती है। ध्यान रखें कि दीपक जलाते समय 'ॐ नमो भगवते वासुदेवाय' मंत्र का जाप करें।
रसोई घर में
रसोई घर को अन्नपूर्णा का स्थान माना जाता है और यहां का वास्तु पूरे परिवार के स्वास्थ्य और धन को प्रभावित करता है। रसोई के एक कोने में, जहाँ आप पीने का पानी रखते हैं, वहां एक दीपक जलाएं। ऐसा करने से पितृ दोष शांत होता है और घर में कभी अन्न-धन की कमी नहीं होती। यह उपाय आर्थिक तंगी को दूर करने के लिए अचूक माना जाता है।
पास के किसी मंदिर में
होली की रात एकांत में स्थित किसी मंदिर या अपने ईष्ट देव के मंदिर में दीपदान करना अत्यंत फलदायी है। यदि संभव हो तो शिव मंदिर या हनुमान मंदिर में जाकर चमेली के तेल का दीपक जलाएं। मंदिर में दीपदान करने से मानसिक शांति मिलती है और करियर में आ रही बाधाएं दूर होती हैं। हनुमान जी के सामने दीपक जलाने से शत्रुओं पर विजय प्राप्त होती है।

पीपल के पेड़ के नीचे
शास्त्रों के अनुसार पीपल के पेड़ में त्रिदेव का वास होता है। होली की रात पीपल के पेड़ के नीचे सात मुखी या एक साधारण दीपक जलाकर सात परिक्रमा करें। यदि आपकी कुंडली में शनि दोष, साढ़ेसाती या ढैय्या चल रही है, तो यह उपाय आपको भारी राहत प्रदान करेगा। इससे रुके हुए धन की प्राप्ति के योग बनते हैं।
घर के ब्रह्म स्थान
घर का मध्य भाग जिसे ब्रह्म स्थान कहा जाता है, ऊर्जा का मुख्य केंद्र होता है। घर के बिल्कुल बीचों-बीच एक दीपक जलाएं। ब्रह्म स्थान पर ज्योति जलाने से घर का वास्तु दोष समाप्त होता है और परिवार के सदस्यों के बीच तालमेल बढ़ता है। इससे घर का ओरा शुद्ध होता है।
होलिका दहन स्थल पर
जहां होलिका जलाई गई हो, वहां दीपक जलाना सबसे महत्वपूर्ण माना जाता है। होलिका दहन की अग्नि शांत होने के बाद, उस स्थान पर जाकर एक दीपक रखें और वहां की राख का तिलक करें। यह क्रिया आपकी सोई हुई किस्मत को जगाने वाली मानी जाती है। इससे भय नाश होता है और व्यक्ति को आत्मविश्वास प्राप्त होता है।

