तेल और गैस ब्लॉक की नीलामी की समयसीमा चौथी बार बढ़ी
punjabkesari.in Friday, Feb 06, 2026 - 01:20 PM (IST)
नई दिल्लीः सरकार ने भारत के सबसे बड़े तेल और गैस क्षेत्रों की पेशकश के लिए बोलियां जमा करने की समयसीमा चौथी बार बढ़ा दी है। हाइड्रोकार्बन महानिदेशालय (डीजीएच) के अनुसार, संभावित निवेशकों को अब तीन महीने का अतिरिक्त समय दिया गया है। डीजीएच ने अपनी वेबसाइट पर कहा, "ओएएलपी (मुक्त क्षेत्र लाइसेंसिंग नीति) के 10वें दौर के लिए बोली जमा करने की अंतिम तिथि बढ़ाकर 29 मई, 2026 कर दी गई है।"
हालांकि, डीजीएच ने विस्तार का कोई कारण नहीं बताया लेकिन उद्योग जगत के सूत्रों का कहना है कि यह निर्णय 'तेल क्षेत्र (विनियमन और विकास) संशोधन विधेयक' पारित होने के बाद तैयार किए गए नए उदार नियमों का अध्ययन करने के लिए निवेशकों को समय देने के उद्देश्य से लिया गया हो सकता है। ओएएलपी का 10वां दौर नयी दिल्ली में 'इंडिया एनर्जी वीक' (आईईडब्ल्यू) 2025 के दौरान फरवरी में शुरू किया गया था। शुरुआत में इसे जुलाई के अंत में बंद होना था। इसके बाद, जुलाई के अंत में इसकी समयसीमा बढ़ाकर 31 अक्टूबर और फिर 31 दिसंबर, 2025 कर दी गई थी। बाद में ओएएलपी-10 के लिए बोली की समयसीमा 18 फरवरी, 2026 तक बढ़ाई गई थी।
हालांकि, खोज गए छोटे क्षेत्रों (डीएसएफ) के लिए चौथे दौर और विशेष 'कोल-बेड मीथेन' (सीबीएम) दौर के तहत बोलियां जमा करने की समयसीमा 18 फरवरी, 2026 पर ही बरकरार है। ओएएलपी-10 के तहत, तेल और गैस की खोज व उत्पादन के लिए कुल 1,91,986 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र वाले 25 ब्लॉक बोलीदाताओं के लिए पेश किए गए हैं।
