Gold-Silver कीमतों पर Emkay Wealth की रिपोर्ट ने बाजार में बढ़ाई हलचल, दिए बड़े संकेत
punjabkesari.in Thursday, Feb 12, 2026 - 11:40 AM (IST)
बिजनेस डेस्कः दुनिया भर में बढ़ती आर्थिक और भू-राजनीतिक अनिश्चितताओं के बीच सोना और चांदी एक बार फिर निवेशकों के केंद्र में आ गए हैं। Emkay Wealth Management की ताजा रिपोर्ट के अनुसार कीमती धातुओं में हालिया तेजी कोई अल्पकालिक उछाल नहीं, बल्कि कई सालों तक चलने वाले मजबूत ट्रेंड की शुरुआत हो सकती है। रिपोर्ट का मानना है कि इस बार की तेजी केवल ट्रेडिंग या सट्टेबाजी पर आधारित नहीं है, बल्कि निवेशकों की सोच में आए स्थायी बदलाव का नतीजा है।
Emkay Wealth के हेड ऑफ रिसर्च डॉ. जोसेफ थॉमस के मुताबिक बड़े वैश्विक निवेशक अब सोना और चांदी को अपने पोर्टफोलियो में स्थायी जगह दे रहे हैं। पहले इन्हें केवल संकट के समय सुरक्षित निवेश के रूप में देखा जाता था लेकिन अब इन्हें लंबी अवधि की रणनीति का हिस्सा बनाया जा रहा है। इसके साथ ही केंद्रीय बैंकों की लगातार सोने की खरीद और ब्याज दरों में संभावित कटौती की उम्मीदें भी कीमतों को मजबूत आधार दे रही हैं।
रिपोर्ट में कहा गया है कि अमेरिका में ब्याज दरों में कमी और डॉलर की कमजोरी सोने के लिए सकारात्मक माहौल तैयार करती है। 2022 से कई देशों के केंद्रीय बैंकों द्वारा बड़े पैमाने पर सोना खरीदने से कीमतों को नीचे गिरने से बचाव मिला है और निवेशकों का भरोसा मजबूत हुआ है। भारतीय निवेशकों के लिए रुपया कमजोर रहने से रिटर्न और बेहतर दिखा है, हालांकि भविष्य में रुपए की मजबूती इस अतिरिक्त लाभ को सीमित कर सकती है।
औद्योगिक मांग से चांदी को मिल रही मजबूती
वहीं चांदी की तेजी को केवल निवेश से नहीं, बल्कि औद्योगिक मांग से भी मजबूती मिल रही है। सोलर पैनल, रिन्यूएबल एनर्जी, इलेक्ट्रॉनिक्स और इलेक्ट्रिक व्हीकल जैसे क्षेत्रों में बढ़ती खपत चांदी की कीमतों को दीर्घकालिक समर्थन दे रही है। रिपोर्ट के मुताबिक यदि वैश्विक अर्थव्यवस्था में सुस्ती बनी रहती है और केंद्रीय बैंक नरम रुख अपनाते हैं तो सोना-चांदी की तेजी आगे भी जारी रह सकती है। हालांकि अमेरिकी अर्थव्यवस्था के मजबूत रहने या डॉलर के ज्यादा मजबूत होने पर कुछ समय के लिए गति धीमी पड़ सकती है।
निवेशकों के लिए Emkay Wealth ने संतुलित रणनीति अपनाने की सलाह दी है। नए निवेशकों को अपने कुल पोर्टफोलियो का करीब 5–10% हिस्सा सोना और चांदी में रखने की सलाह दी गई है और निवेश एकमुश्त करने के बजाय चरणबद्ध तरीके से करने को बेहतर बताया गया है। जिन निवेशकों की हिस्सेदारी 25–30% से अधिक है, उन्हें अपने सलाहकार से परामर्श लेकर पोर्टफोलियो की समीक्षा करने और जरूरत पड़ने पर आंशिक मुनाफा वसूलने की सलाह दी गई है।
