‘पुलिस वैरीफिकेशन करवाए बिना’ किराएदारों व नौकर रखने वालों के विरुद्ध एक्शन!
punjabkesari.in Thursday, Jan 29, 2026 - 05:30 AM (IST)
आज के बदले हुए हालात में अनावश्यक समस्या से बचने के लिए मकान मालिकों को किसी को मकान किराए पर देने से पहले तथा दुकानदारों को किसी बाहरी व्यक्ति को नौकरी पर रखने से पहले पुलिस द्वारा उनकी वैरीफिकेशन करवा लेना बहुत आवश्यक है। किराएदारों द्वारा किराए पर ली हुई प्रापर्टी पर कब्जा कर लेने के जोखिम से बचने या किसी विवाद की स्थिति में अपना पक्ष मजबूत और सुरक्षित रखने के लिए प्रापर्टी के मालिक किराएदारों से ‘रैंट एग्रीमैंट’ तो बनवा लेते हैं, परंतु उनकी पुलिस वैरीफिकेशन नहीं करवाते। यही बात दुकानों या घरों में रखे जाने वाले नौकर-नौकरानियों पर भी लागू होती है।
गंभीर वारदातों को अंजाम देने वाले अपराधी तत्व पुलिस की नजरों से बच कर कार्रवाइयां करने के लिए घनी आबादी वाले इलाकों में आसानी से किराए पर कमरे ले लेते हैं। बिना पुलिस वैरीफिकेशन कमरा मिलने के कारण अपराधियों की पहचान गुप्त रहती है और वे पुलिस के राडार पर आए बिना अपनी अवैध गतिविधियां चलाते रहते हैं। चूंकि किराएदार द्वारा घर या व्यापारिक प्रतिष्ठान में की जाने वाली किसी भी अवैध गतिविधि के लिए मकान मालिक को ही कानूनी रूप से जिम्मेदार माना जाता है, अत: इस लिहाज से भी किराएदार की पुलिस वैरीफिकेशन करवाना अत्यंत आवश्यक है। इसी कारण मकान मालिक द्वारा अपने परिसर के निकटतम पुलिस थाने को किराएदार की सभी आवश्यक जानकारी संबंधित कागजात के साथ उपलब्ध करवाना देश के लगभग सभी प्रमुख जिलों में स्थानीय निकायों द्वारा अनिवार्य कर दिया गया है।
‘भारतीय न्याय संहिता’ के अनुसार किराएदार द्वारा किए गए अपराध या गलत कार्य के लिए मकान मालिक पर मामला दर्ज किया जा सकता है। इसमें साधारण कैद या 2000 रुपए जुर्माना या फिर दोनों लगाए जा सकते हैं। यदि किराएदार किसी अपराध में शामिल पाया जाता है तो मकान मालिक भी पुलिस की नजर में आ सकता है जिसकी चंद घटनाएं निम्न में दर्ज हैं :
* 8 फरवरी, 2025 को ‘जयपुर’ (राजस्थान) पुलिस ने बिना पुलिस वैरीफिकेशन करवाए किराएदार रखने वाले 11 मकान मालिकों पर कार्रवाई करते हुए 4 मकान मालिकों को शांति भंग करने के आरोप में गिरफ्तार किया।
* 18 दिसम्बर, 2025 को गाजियाबाद (उत्तर प्रदेश) में एक मकान में किराए पर रहने वाले दम्पति को अपनी मकान मालकिन की हत्या करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया।
* 12 जनवरी, 2026 को गणतंत्र दिवस पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने में जुटी पुलिस ने बिना वैरीफिकेशन के किराएदार रखने पर 500 से अधिक मकान मालिकों पर केस दर्ज किए जाने की जानकारी दी।
* 24 जनवरी, 2026 को ‘लुधियाना’ में कमिश्ररेट पुलिस ने किराएदारों की वैरीफिकेशन करवाए बिना उन्हें मकान और कमरे किराए पर देकर आदेशों का उल्लंघन करने के आरोप में 2 दर्जन से अधिक लोगों के विरुद्ध मामला दर्ज करने के अलावा 2 मकान मालिकों के विरुद्ध केस दर्ज करके उन्हें गिरफ्तार किया।
* 25 जनवरी, 2026 को ‘हरिद्वार’ (उत्तराखंड) के ‘रानीपुर’ कोतवाली क्षेत्र में बिना वैरीफिकेशन के किराएदार रखने पर 6 मकान मालिकों पर कार्रवाई करते हुए कुल 60,000 रुपए के चालान किए गए।
इसके अलावा स्वयं की वैरीफिकेशन न करवाने पर 19 बाहरी तथा संदिग्ध लोगों के 4750 रुपए के चालान किए गए।
* और अब 27 जनवरी, 2026 को ‘बेंगलूर’ (कर्नाटक) में एक बिल्डर के आवास पर काम करने वाले नेपाली पति-पत्नी वहां से 11.5 किलो सोने और हीरे के गहने, 5 किलो चांदी की वस्तुएं तथा 1.5 लाख रुपए नकद सहित कुल 18 करोड़ रुपए मूल्य की सम्पत्ति चुरा कर ले गए।
ऐसे हालात में पुलिस द्वारा बिना वैरीफिकेशन किराएदार व नौकर रखने वालों के विरुद्ध पुलिस की कार्रवाई अज्ञात लोगों को अपने घरों में पनाह देने वालों के लिए कड़ी चेतावनी है। मकान मालिकों द्वारा किराएदारों और घरेलू नौकर-नौकरानियों आदि की पुलिस वैरीफिकेशन सबके हित में है।—विजय कुमार
