पेरारिवलन ने रिहाई का श्रेय अपनी मां को दिया

punjabkesari.in Wednesday, May 18, 2022 - 10:17 PM (IST)

चेन्नई, 18 मई (भाषा) ए.जी. पेरारिवलन की 74 वर्षीय मां अरुपुथम्मल ने अपने नाम को सही अर्थों में चरितार्थ करते हुए बेटे की रिहाई के लिए तीन दशकों तक लंबी कानूनी लड़ाई।

‘अरुपथम’ का तमिल में अर्थ ‘जादू’ होता है और अम्मल एक बुजुर्ग महिला, खासतौर पर एक मां को कहे जाने वाला एक सम्मान सूचक शब्द है।

उल्लेखनीय है कि संविधान के अनुच्छेद 142 के तहत असाधारण शक्तियों का इस्तेमाल करते हुए उच्चतम न्यायालय ने बुधवार को पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की हत्या के मामले में 30 साल से ज्यादा कैद की सजा काट चुके पेरारिवलन को रिहा करने का आदेश दिया।

पेरारिवलन ने संवाददाताओं से बात करते हुए अपनी रिहाई का श्रेय अपनी मां के बलिदानों और उनकी अथक कोशिशों को दिया।
पेरारिवलन ने कहा, ‘‘उन्होंने अपमान सहा, उन्होंने पीड़ा सही। इन सबके बावजूद वह 30 साल तक बिना रुके मेरे लिए लड़ीं। ’’


यह आर्टिकल पंजाब केसरी टीम द्वारा संपादित नहीं है, इसे एजेंसी फीड से ऑटो-अपलोड किया गया है।

सबसे ज्यादा पढ़े गए

PTI News Agency

Related News

Recommended News