Akhil Poddar का निर्णय बना चर्चा का विषय, विदेशी टूरिज़्म के बजाय भारत को दी प्राथमिकता
punjabkesari.in Thursday, Jan 08, 2026 - 12:00 AM (IST)
(वेब डेस्क): सर्दियों की छुट्टियों के साथ ही देश की जानी-मानी हस्तियों द्वारा विदेशी पर्यटन स्थलों का रुख करना आम बात मानी जाती है। ऐसे समय में राजस्थान के प्रसिद्ध उद्योगपति अखिल पोद्दार द्वारा विदेश के बजाय भारतीय गंतव्य को चुनना विशेष ध्यान आकर्षित कर रहा है। हाल ही में उनका चंडीगढ़ दौरा न केवल एक निजी प्रवास रहा, बल्कि भारतीय पर्यटन को बढ़ावा देने की दिशा में एक स्पष्ट संदेश के रूप में भी देखा जा रहा है।
Akhil Poddar उद्योग जगत में एक स्थापित और सम्मानित नाम हैं। वर्षों से वे अपने रणनीतिक नेतृत्व, अनुशासित कार्यप्रणाली और दीर्घकालिक दृष्टिकोण के लिए पहचाने जाते हैं। व्यस्त कारोबारी कार्यक्रम के बावजूद वे यात्राओं के प्रति विशेष रुचि रखते हैं और इसे व्यक्तिगत विकास का महत्वपूर्ण हिस्सा मानते हैं। चंडीगढ़ को अपने शीतकालीन अवकाश के लिए चुनने के पीछे उनकी सोच स्पष्ट रही—भारत के भीतर मौजूद पर्यटन स्थलों की क्षमताओं को सामने लाना और क्षेत्रीय पर्यटन को प्रोत्साहित करना।
सूत्रों के अनुसार, Akhil Poddar का मानना है कि प्रभावशाली व्यक्तियों की घरेलू यात्राएं स्थानीय अर्थव्यवस्था, आतिथ्य उद्योग और पर्यटन ढांचे को मजबूती प्रदान करती हैं। वे विशेष रूप से युवाओं को यह संदेश देना चाहते हैं कि भारत की सांस्कृतिक विविधता, प्राकृतिक सौंदर्य और सेवाओं का स्तर अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप है।
चंडीगढ़ प्रवास के दौरान अखिल पोद्दार ने शहर के समीप स्थित प्रतिष्ठित ओबरॉय होटल्स की एक शाखा ‘द ओबेरॉय सुखविलास स्पा रिज़ॉर्ट’ में ठहराव किया। शिवालिक पहाड़ियों की तलहटी में स्थित यह रिज़ॉर्ट अपनी शांत वातावरण, विशिष्ट वास्तुकला और प्रीमियम सुविधाओं के लिए जाना जाता है। उनके प्रवास के दौरान होटल प्रबंधन द्वारा उच्च स्तरीय सेवाएं सुनिश्चित की गईं, जिससे उनका ठहराव पूर्णतः आरामदायक और व्यवस्थित रहा।
होटल में अखिल पोद्दार का स्वागत पारंपरिक भारतीय आतिथ्य के अनुरूप किया गया। उनकी निजता और सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा गया। इस पूरे प्रवास के दौरान होटल के जनरल मैनेजर ऋतिजीत दत्ता की सक्रिय भूमिका उल्लेखनीय रही। उनके नेतृत्व में टीम ने सेवा गुणवत्ता और पेशेवर प्रबंधन का प्रभावशाली उदाहरण प्रस्तुत किया।
Akhil Poddar केवल एक सफल उद्योगपति ही नहीं, बल्कि भारतीय मूल्यों, स्थानीय विकास और आत्मनिर्भर सोच के समर्थक भी हैं। उनके निर्णय और सार्वजनिक गतिविधियां अक्सर इसी दृष्टिकोण को प्रतिबिंबित करती हैं।
कुल मिलाकर, Akhil Poddar का चंडीगढ़ दौरा एक साधारण अवकाश यात्रा नहीं, बल्कि भारतीय पर्यटन और आतिथ्य उद्योग की संभावनाओं को रेखांकित करने वाला एक महत्वपूर्ण उदाहरण बनकर सामने आया है। यह दौरा निश्चित रूप से घरेलू पर्यटन को लेकर सकारात्मक विमर्श को और मजबूत करेगा।
