अब स्कूलों के पास नहीं बिकेगी ''स्टिंग'' एनर्जी ड्रिंक, इस राज्य सरकार ने लिया बड़ा फैसला
punjabkesari.in Friday, Jul 03, 2026 - 05:45 PM (IST)
नेशनल डेस्क : महाराष्ट्र सरकार ने स्कूलों के 500 मीटर के दायरे में 'स्टिंग' एनर्जी ड्रिंक और इस तरह के अन्य पदार्थों की बिक्री पर रोक लगाने की शुक्रवार को घोषणा की। इस ड्रिंक में मौजूद कुछ ऐसे तत्वों को लेकर चिंता जताई गई है, जिन्हें बच्चों के लिए उचित नहीं माना जाता। विधानसभा में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायक विक्रम पाचपुते के सवाल का जवाब देते हुए खाद्य एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) मंत्री नरहरि झिरवाल ने कहा कि यह निर्णय स्कूली बच्चों पर एनर्जी ड्रिंक के प्रभाव को लेकर व्यक्त की गईं चिंताओं के कारण लिया गया है।
मंत्री ने बताया कि इस प्रतिबंध को लागू करने के लिए एफडीए को निर्देश दिए गए हैं। साथ ही स्कूलों से भी कहा गया है कि वे छात्रों को एनर्जी ड्रिंक पीने से होने वाले स्वास्थ्य संबंधी नुकसान के बारे में जागरूक करने के लिए जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करें। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, ज्यादातर एनर्जी ड्रिंक में कैफीन और चीनी की मात्रा अधिक होती है। झिरवाल ने कहा, "स्कूलों के आसपास 'स्टिंग' एनर्जी ड्रिंक की बिक्री को लेकर माननीय सदस्य द्वारा व्यक्त की गई चिंता कुछ हद तक सही है। यदि किसी स्कूल परिसर के 500 मीटर के दायरे में ऐसे एनर्जी ड्रिंक या किसी नशीले पदार्थ की बिक्री होने का पता चला, तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ तुरंत कार्रवाई की जाएगी।"
विधायक विक्रम पाचपुते ने यह सवाल भी किया कि क्या सरकार 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को यह एनर्जी ड्रिंक बेचने पर रोक लगाने का नियम बनाएगी। चर्चा के दौरान विधायकों राहुल कुल और वरुण सरदेसाई ने सरकार से बच्चों तक ऐसे पेय पदार्थों की आसान उपलब्धता रोकने के लिए और सख्त कदम उठाने की मांग की। इस पर मंत्री नरहरि झिरवाल ने कहा कि सरकार स्कूल स्तर पर जागरूकता अभियान को और मजबूत करेगी तथा प्रस्तावित प्रतिबंध को प्रभावी ढंग से लागू भी कराएगी।
