FBI और कनाडा पुलिस का खालिस्तानी अलगाववादी पन्नू को लेकर अलर्ट जारी, यात्रा से बचने की सलाह
punjabkesari.in Wednesday, Aug 26, 2026 - 12:30 PM (IST)
New York: खालिस्तानी अलगाववादी गुरपतवंत सिंह पन्नू की सुरक्षा को लेकर अमेरिका और कनाडा की एजेंसियों ने उसे चेतावनी दी है। पन्नू ने दावा किया है कि अमेरिका की संघीय जांच एजेंसी एफबीआई और कनाडा की रॉयल कैनेडियन माउंटेड पुलिस (RCMP) ने उसकी जान को संभावित खतरे को लेकर उसे चेतावनी दी है। पन्नू के मुताबिक, FBI के अधिकारी पिछले बृहस्पतिवार उससे मिलने पहुंचे थे। अधिकारियों ने उसे सलाह दी कि जब तक खतरा टल नहीं जाता, तब तक वह यात्रा करने से बचे। अगर वह यात्रा करता है तो उसे अपनी यात्रा की योजना के बारे में FBI को पहले जानकारी देने को कहा गया है। इसके बाद मंगलवार को कनाडा की आरसीएमपी ने भी उसे फोन कर कथित खतरे की जानकारी दी। हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि अमेरिकी और कनाडाई एजेंसियों को किस विशेष साजिश या खतरे की जानकारी मिली है।
FBI और RCMP से इस मामले में जानकारी मांगी गई, लेकिन दोनों एजेंसियों ने तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं दी। इसलिए फिलहाल पन्नू की ओर से किए गए दावे और एजेंसियों द्वारा कथित तौर पर दी गई चेतावनी के बीच उपलब्ध सार्वजनिक जानकारी सीमित है। अमेरिका और कनाडा की दोहरी नागरिकता रखने वाले पन्नू ने कहा कि उसे अमेरिका के ‘ड्यूटी टू वॉर्न’ प्रावधान के तहत चेतावनी दी गई है। इस व्यवस्था का उद्देश्य ऐसे मामलों में संभावित पीड़ित को चेतावनी देना है, जब अमेरिकी अधिकारियों को किसी व्यक्ति की हत्या, गंभीर शारीरिक नुकसान या अपहरण का विश्वसनीय और विशिष्ट खतरा मिलने की जानकारी हो। हालांकि, इस मामले में खतरे की प्रकृति या स्रोत के बारे में आधिकारिक तौर पर कोई विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है।
पन्नू को मिली यह चेतावनी ऐसे समय सामने आई है जब भारतीय नागरिक निखिल गुप्ता अमेरिका में उसके खिलाफ कथित हत्या की साजिश से जुड़े मामले में सजा का इंतजार कर रहा है। गुप्ता ने फरवरी में संघीय साजिश से जुड़े आरोपों में अपना अपराध स्वीकार किया था। उसकी 20 नवंबर को मैनहट्टन की संघीय अदालत में सजा सुनाई जानी है। अमेरिकी अभियोजकों का आरोप है कि 2023 में गुप्ता ने अन्य लोगों के साथ मिलकर पन्नू की हत्या की साजिश में भूमिका निभाई थी।FBI के आरोप के अनुसार, गुप्ता को पन्नू की हत्या की योजना के लिए भारत सरकार से जुड़े एक कर्मचारी ने निर्देश दिया था। अमेरिकी अधिकारियों के मुताबिक, कथित हत्या की कोशिश के दौरान गुप्ता ने अनजाने में एक ऐसे व्यक्ति से संपर्क किया था जो अमेरिकी कानून प्रवर्तन एजेंसियों के लिए अंडरकवर काम कर रहा था। गुप्ता ने अमेरिकी अदालत में अपना अपराध स्वीकार कर लिया है। सजा संबंधी दिशा-निर्देशों के मुताबिक उसे लंबी जेल की सजा का सामना करना पड़ सकता है।
कौन है पन्नू ?
- गुरपतवंत सिंह पन्नू ‘सिख्स फॉर जस्टिस’ (SFJ) से जुड़ा प्रमुख अलगाववादी चेहरा है।
- वह भारत से अलग एक सिख राज्य ‘खालिस्तान’ की स्थापना की वकालत करता है।
- भारत सरकार ने पन्नू को आतंकवादी घोषित किया हुआ है और उसके खिलाफ भारत में कई मामले दर्ज हैं।
- पन्नू खुद को सिख मानवाधिकारों का वकील बताता है और दावा करता है कि उसका अभियान पंजाब में सभी धर्मों को समान अधिकार दिलाने के लिए है।
पन्नू ने कहा कि उसे धमकियों से वह न तो विचलित हुआ है और न ही डरा है। उसने दावा किया कि वह गोली के डर से अपना अभियान बंद नहीं करेगा। उसने अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी से भी भारत के सामने कथित खतरों का मुद्दा उठाने की अपील की। पन्नू ने कनाडा में मारे गए खालिस्तानी अलगाववादी हरदीप सिंह निज्जर का भी जिक्र किया। उसके मुताबिक, कनाडाई कानून प्रवर्तन अधिकारियों ने निज्जर को भी कथित तौर पर ‘ड्यूटी टू वॉर्न’ के तहत चेतावनी दी थी। निज्जर की 18 जून 2023 को ब्रिटिश कोलंबिया के सरे में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। निज्जर की हत्या के बाद भारत और कनाडा के संबंधों में भारी तनाव पैदा हुआ था।
