Fitness Craze Alert: युवाओं को 8 Pack एब्स का जुनून पड़ रहा भारी! चौड़ी छाती के चक्कर में बिगड़ रही सेहत, Gym में भारी वजन...
punjabkesari.in Monday, Feb 23, 2026 - 12:16 PM (IST)
Gym Injuries Prevention : आज का युवा चौड़ी छाती और 8-पैक एब्स वाली 'मस्कुलर बॉडी' पाने के लिए किसी भी हद तक जाने को तैयार है लेकिन 'क्विक गेन' (जल्द बॉडी बनाने) की यह रेस युवाओं के शरीर को अंदर से खोखला कर रही है। बिना सही जानकारी के भारी वजन उठाना और सप्लीमेंट्स का अंधाधुंध इस्तेमाल रीढ़, घुटने और दिल के लिए जानलेवा साबित हो रहा है।
जिम की जल्दबाजी: शरीर बन रहा बीमारियों का घर
20 से 30 साल के युवा बिना वार्म-अप और ट्रेनर के सीधे हैवी वेट ट्रेनिंग शुरू कर देते हैं। इसका नतीजा यह हो रहा है कि कम उम्र में ही लिगामेंट टियर, स्लिप डिस्क, कंधे में लैब्रल टियर और घुटनों का कार्टिलेज घिसने जैसे मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। इतना ही नहीं स्टेरॉयड और गलत सप्लीमेंट्स के कारण दिल के चैंबर्स पर दबाव पड़ता है जिससे हार्ट फेलियर और फाइब्रोसिस का खतरा बढ़ जाता है।
मसल्स में ऐंठन और कमजोरी की असली वजह
योगगुरू स्वामी रामदेव के अनुसार मांसपेशियों में खिंचाव और दर्द केवल एक्सरसाइज से नहीं बल्कि इन कारणों से भी होता है। शरीर में हाइड्रेशन न होने से ब्लड सप्लाई कम हो जाती है। सोडियम, मैग्नीशियम और पोटेशियम की कमी से नसों में कमजोरी आती है। नसों पर दबाव पड़ने से रक्त का संचार रुक जाता है जो ऐंठन पैदा करता है।
स्वामी रामदेव के 10 'सुपरफिट' टिप्स (रामबाण उपाय)
अगर आप सुरक्षित तरीके से बॉडी बनाना चाहते हैं और जोड़ों को मजबूत रखना चाहते हैं तो इन 10 बातों का ध्यान रखें:
संयम और संतुलन: बॉडी बनाने में जल्दबाजी न करें शरीर की क्षमता के अनुसार वजन उठाएं।
वार्म-अप है जरूरी: बिना वार्म-अप एक्सरसाइज करना चोट को सीधा निमंत्रण देना है।
योग का साथ: जिम के साथ योग को अपनाएं यह मांसपेशियों में लचीलापन और मजबूती लाता है।
भरपूर पानी: दिन भर में कम से कम 4-5 लीटर पानी पीएं ताकि मसल्स हाइड्रेटेड रहें।
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विटामिन-डी: हड्डियों की मजबूती के लिए विटामिन-डी युक्त आहार और धूप जरूर लें।
आंवले का जादू: रोजाना आंवले का सेवन करें यह मांसपेशियों की मरम्मत (Repair) में मदद करता है।
प्राकृतिक जड़ी-बूटियां: गिलोय, अश्वगंधा और गुग्गुल का सेवन नसों की कमजोरी दूर करता है।
पुनर्नवा और गोखरू: किडनी और लिवर को सप्लीमेंट्स के बुरे असर से बचाने के लिए इनका सेवन करें।
सही फॉर्म: वजन कितना भारी है उससे ज्यादा जरूरी है कि उसे उठाने का तरीका (Posture) सही हो।
रेस्ट और रिकवरी: शरीर को तराशने के साथ-साथ पर्याप्त नींद और आराम भी दें।
