10 रुपए के फटे नोट पर हुआ झगड़ा... 24 साल के डिलिवरी एजेंट ने दे दी अपनी जान, आखिरी वीडियो में बयां किया दर्द
punjabkesari.in Thursday, Oct 22, 2026 - 03:19 PM (IST)
नई दिल्ली: पूर्वी दिल्ली के ईस्ट विनोद नगर से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आय़ा है। यहां 10 रुपये के फटे नोट को लेकर हुए विवाद के बाद, एक 24 वर्षीय डिलीवरी एग्जीक्यूटिव ने आत्महत्या कर ली। जानकारी के अनुसार, 10 रुपये के फटे नोट को लेकर हुए विवाद के बाद डिलीवरी एग्जीक्यूटिव को पर थप्पड़ मारा गया था। इस घटना के दो हफ्ते से भी ज्यादा समय बाद, 20 अक्टूबर को उसकी मौत हो गई। पुलिस ने इस मामले में दो लोगों को गिरफ्तार किया है।
समीर हुसैन ने 4 अक्टूबर को रात करीब 11:03 बजे पुलिस कंट्रोल रूम (PCR) को फोन किया था। उसने आरोप लगाया कि डिलीवरी के बदले भुगतान के तौर पर एक फटा हुआ नोट लेने से मना करने पर, वहां रहने वाले दो लोगों ने उसके साथ मारपीट की। जांच के दौरान रिकॉर्ड किए गए एक वीडियो में, समीर ने घटना के बारे में बताया कि वह एक बुजुर्ग ग्राहक को कॉफी देने गया था, जिसे पैसे का इंतजाम करने में 10-15 मिनट लग गए। आखिरकार ग्राहक ने उसे जो कैश दिया, उसमें 10 रुपये का एक फटा हुआ नोट भी था। जब समीर ने इस पर आपत्ति जताई, तो ग्राहक ने कथित तौर पर उससे कहा, "लेना है तो लो, वरना रहने दो।"
A ₹10 dispute. Alleged assault. A 24 year old life lost. 💔 Sameer Hussain, a Flipkart Minutes delivery partner, is dead. Delhi Police: Ensure a transparent investigation and accountability for every lapse, if any. @Flipkart: Break your silence. What protection and support do delivery partners actually have? Humiliating people who work hard to earn an honest living is disgraceful. Those responsible must face legal consequences. Justice for Sameer. 🙏 https://t.co/AM1dQTXMDd
— Satya Singh (@Satyasngh) October 22, 2026
समीर ने कहा कि उसने ऑर्डर कैंसिल करने की बात कही और पूछा कि अगर ठीक से भुगतान नहीं किया जा सकता था, तो ऑर्डर दिया ही क्यों गया? उसने आरोप लगाया कि ग्राहक ने उसे गालियां दीं, और फिर एक और आदमी वहां आया जिसने उसे कई बार थप्पड़ मारे। उस आदमी ने समीर के मिडिल क्लास बैकग्राउंड का मजाक भी उड़ाया।
बाद में पुलिस को जानकारी मिली कि समीर ने कथित तौर पर कोई जहरीला पदार्थ खा लिया था। उसे 5 अक्टूबर को लाल बहादुर शास्त्री अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां 20 अक्टूबर को उसकी मौत हो गई। 5 अक्टूबर की आधी रात के तुरंत बाद एक मेडिको-लीगल केस तैयार किया गया और उसी दिन कल्याणपुरी पुलिस स्टेशन में FIR दर्ज की गई।
समीर की मौत के बाद, पुलिस ने इस मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 108 जोड़ दी, जो आत्महत्या के लिए उकसाने से संबंधित है। गिरफ्तार किए गए दो लोगों की पहचान राकेश उर्फ बंटी (30) और रामपाल सिंह (65) के रूप में हुई है।
