बेनजीर की बेटी बख्तावर भुट्टो ने पाकिस्तानी कानून को बताया 'पाखंड'
punjabkesari.in Saturday, May 13, 2017 - 06:03 PM (IST)
इस्लामाबाद: पाकिस्तानी की पूर्व प्रधानमंत्री बेनजीर भुट्टो और पूर्व राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी की बेटी बख्तावर भुट्टो जरदारी ने शुक्रवार (12 मई) को रमजान में पानी पीने पर सजा देने की रिवायत और आतंकवादियों के खुलेआम घूमने को पाखंड बताया है। बख्तावर भुट्टो-जरदारी ने ट्वीट किया,“ये इस्लाम नहीं है।” बख्तावर ने एहतराम-ए-रमजान कानून को हास्यास्पद बताया।
3month imprisonment 4 drinking water during Ramazan but being a terrorist, attempting 2 kill school girls #Malala & u can keep smiling on tv
— Bakhtawar B-Zardari (@BakhtawarBZ) May 12, 2017
बख्तावर भुट्टो ने ट्वीट किया,“रमजान में पानी पीने के लिए 3 महीने की जेल लेकिन एक आतंकवादी स्कूली लड़की मलाला पर जानलेवा हमला कर सकता है और टीवी पर मुस्कराता हुए दिख सकता है।” बख्तावर इस बात की तरफ संकेत कर रही थीं कि पाकिस्तान में मलाला यूसुफजई को गोली मारने के आरोप में किसी को भी सजा नहीं हुई है।
But not every1 in 🇵🇰 will be fasting -children in school/elderly/people with medical problems. Should we arrest them 4 drinking water 🤔
— Bakhtawar B-Zardari (@BakhtawarBZ) May 12, 2017
पाकिस्तान सरकार ने पिछले हफ्ते इस कानून को और कड़ा बनाते हुए इसमें आर्थिक दंड का भी प्रावधान लागू कर दिया। पाकिस्तान सरकार ने 1981 के कानून में बदलाव करते हुए रमजान के दौरान खुलेआम नशा करने या खाने-पीने पर 500 पाकिस्तानी रुपए जुर्माना और जेल की सजा का प्रावधान किया है। नए कानून में रमजान के दौरान इस कानून को तोड़ने वाले होटलों और रेस्तरां पर जुर्माना 500 रुपए से बढ़ाकर 25 हजार रुपए कर दिया। नए कानून के अनुसार इस कानून को तोड़ने वाले टीवी चैनलों और सिनेमा हॉलों पर 50 हजार रुपए या उससे भी अधिक जुर्माना लगाया जा सकता है।
