बालों का अत्यधिक झड़ना : डॉक्टर से कब मिलना चाहिए?
punjabkesari.in Monday, Mar 30, 2026 - 01:57 PM (IST)
नेशनल डेस्क : हर महिला के लिए बालों का झड़ना एक आम चिंता का विषय बन चुका है। कंघी करते समय, बाल धोते समय या तकिये पर बिखरे बालों को देखकर कई महिलाएं परेशान हो जाती हैं। सच तो यह है कि हर दिन 50 से 100 बालों का गिरना एक सामान्य प्रक्रिया मानी जाती है। लेकिन जब बाल इससे कहीं ज़्यादा झड़ने लगें, सिर पर खाली जगह दिखने लगे या बालों की मोटाई काफ़ी कम हो जाए, तो यह स्थिति गंभीर हो सकती है। ऐसे में बिना देर किए किसी अनुभवी डॉक्टर से सलाह लेना बेहद ज़रूरी हो जाता है।
बाल क्यों झड़ते हैं? (Hair Fall Reason)
बालों के झड़ने की वजह को समझना इलाज की दिशा में पहला और सबसे अहम कदम होता है। भारतीय महिलाओं में बाल झड़ने के पीछे कई कारण काम करते हैं। हार्मोनल बदलाव जैसे कि पीसीओएस, थायरॉइड की समस्या, गर्भावस्था के बाद होने वाले बदलाव और मेनोपॉज़ इसकी प्रमुख वजहें हैं। इसके अलावा शरीर में आयरन, बायोटिन, ज़िंक और विटामिन डी की कमी बालों की जड़ों को कमज़ोर बना देती है। कई महिलाएं सख्त डाइटिंग करती हैं जिससे शरीर को ज़रूरी पोषण नहीं मिल पाता और बाल पतले होकर टूटने लगते हैं। तनाव भी एक बड़ा कारण है क्योंकि यह कोर्टिसोल हार्मोन को बढ़ा देता है जो बालों के विकास चक्र को बाधित करता है।
बाहरी कारणों को भी नकारा नहीं जा सकता
प्रदूषण, केमिकल वाले शैंपू, बार बार हीट स्टाइलिंग और हेयर कलर जैसी चीज़ें सिर की त्वचा और बालों को भीतर से नुकसान पहुंचाती हैं। फंगल इंफेक्शन और एलोपेशिया एरियाटा जैसी ऑटोइम्यून बीमारियां भी अचानक बालों के झड़ने का कारण बन सकती हैं। डेंगू, टायफॉइड और मलेरिया जैसी बीमारियों के बाद भी कई महिलाओं को भारी मात्रा में बाल गिरने की शिकायत होती है।
डॉक्टर के पास कब जाना चाहिए?
अगर किसी महिला को लगातार दो से तीन महीने से ज़्यादा बाल झड़ रहे हैं, सिर पर गंजेपन के निशान दिखने लगे हैं, या बालों की गुणवत्ता में साफ़ गिरावट आ रही है, तो उसे तुरंत किसी विशेषज्ञ डॉक्टर से मिलना चाहिए। शुरुआती दौर में ध्यान देने पर बालों को दोबारा उगाना संभव होता है, लेकिन देरी करने पर स्थिति जटिल हो सकती है।
सही इलाज से बाल वापस आ सकते हैं (Hair Fall Treatment)
बालों के झड़ने का इलाज तभी कारगर होता है जब उसकी असली जड़ को पहचाना जाए। डॉ. बत्रा'ज़ जैसे प्रतिष्ठित संस्थान पिछले 40 सालों से होम्योपैथिक पद्धति के ज़रिए बालों की समस्याओं का सफल उपचार कर रहे हैं। उनकी पद्धति में एआई आधारित स्कैल्प विश्लेषण से समस्या की जड़ तक पहुंचा जाता है और फिर हर मरीज़ के लिए व्यक्तिगत उपचार योजना बनाई जाती है। यह इलाज पूरी तरह सुरक्षित होता है, इसमें कोई सर्जरी नहीं होती और किसी तरह का कोई साइड इफेक्ट भी नहीं होता। उनके उपचार में होम्योपैथी के साथ आधुनिक हेयर एस्थेटिक तकनीकों का संयोजन किया जाता है जिससे तेज़ और स्थायी परिणाम मिलते हैं।
