चीन से नेपाल बॉर्डर तक पहुंचना युद्ध जीतने जैसा लगा... बाढ़ के बीच कैलाश मानसरोवर से सुरक्षित लौटीं एक्ट्रेस Manasi Parekh
punjabkesari.in Monday, Aug 31, 2026 - 12:00 PM (IST)
Manasi Parekh : नेपाल-तिब्बत सीमा क्षेत्र में आई भयानक बाढ़ के बीच चीन से मुश्किल सफर तय करके एक्ट्रेस मानसी पारेख मुंबई लौटीं। कैलाश मानसरोवर यात्रा के लिए तिब्बत गई मानसी ने सोशल मीडिया पर घर लौटने के सफर की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि चीन से निकलकर नेपाल सीमा तक पहुंचना युद्ध जीतने जैसा महसूस हुआ।
उन्होंने बताया कि चीन के न्यालम शहर में जबरदस्त लैंडस्लाइड के कारण उनके ग्रुप को लगभग चार घंटे तक बस के अंदर इंतज़ार करना पड़ा, जिसके बाद वे सड़क मार्ग से अपनी यात्रा जारी रख पाए। इसके बाद उन्हें बस से लगभग 40 मील का सफर भी तय करना पड़ा।
उन्होंने कहा कि मुश्किल सफर के बावजूद यह सब सार्थक था क्योंकि इसका मतलब था मुंबई, अपने परिवार और अपनी बेटी के पास लौटना। सोशल मीडिया पर अपडेट शेयर करते हुए पारेख ने लिखा, "इतने सारे प्यार, मैसेज, कॉल और दुआओं के लिए बहुत-बहुत धन्यवाद। पिछले 3-4 दिन बहुत मुश्किल भरे रहे और चीन से निकलकर नेपाल सीमा तक पहुंचना युद्ध जीतने जैसा लगा । चीन के न्यालम शहर में जबरदस्त लैंडस्लाइड हुआ था, जिसकी वजह से हमें बस में 4 घंटे इंतजार करना पड़ा, तब जाकर हम सड़क मार्ग से चीन से बाहर निकलने का सफर शुरू कर पाए। उन्होंने आगे लिखा, "फिर 40 मील की लंबी बस यात्रा के बाद हम नेपाल सीमा पर पहुंचे, जहां एक और लैंडस्लाइड हुआ था। हमें वहाँ से पैदल गुजरना पड़ा क्योंकि दूसरी तरफ इंतजार कर रही बसों तक पहुंचने का कोई और रास्ता नहीं था।
एक और अपडेट शेयर करते हुए उन्होंने कहा और फिर काठमांडू तक का सफर हमारी जिंदगी का सबसे ऊबड़-खाबड़ बस सफ़र था, जो 4 घंटे दूर था। लेकिन यह सब सार्थक था क्योंकि इसका मतलब था मुंबई लौटना, अपने परिवार के पास आना और अपनी बेटी को चूम पाना।" मानसी पारेख की वापसी ऐसे समय में हुई है जब उन्होंने बताया था कि भयानक बाढ़ आने से ठीक पाँच दिन पहले वह तिब्बत में उसी जगह पर थीं।
जब उस इलाके में आपदा आई, तब एक्ट्रेस एक ग्रुप के साथ कैलाश मानसरोवर तीर्थयात्रा पर थीं। 27 अगस्त को उन्होंने तबाही की तस्वीरें शेयर कीं और लिखा, "देखिए क्या हुआ है, हमें कल सुबह यहीं पहुँचना था। एक और पोस्ट में, अपनी पिछली यात्रा का एक वीडियो शेयर करते हुए उन्होंने लिखा- सच कहूं तो, 5 दिन पहले ही इस जगह पर मेरा बहुत गर्मजोशी से स्वागत हुआ था और अब यह पूरी जगह पानी में डूबी हुई है। जानकारी के लिए बता दें कि 26 अगस्त को नेपाल-तिब्बत सीमा पर अचानक आई विनाशकारी बाढ़ ने इलाके में भारी तबाही मचाई।
इस आपदा के कारण हिमालयी क्षेत्र में पानी और मलबे का भारी सैलाब आ गया, जिससे सीमा के दोनों ओर के इलाके प्रभावित हुए। नेपाल का रसुवा ज़िला और उसके निचले इलाकों में पड़ने वाले नुवाकोट और धाडिंग जैसे क्षेत्र भी इससे प्रभावित हुए। कई महत्वपूर्ण पुल और सड़कें क्षतिग्रस्त हो गईं या बह गईं, साथ ही घर और अन्य बुनियादी ढांचे भी नष्ट हो गए।
