19 साल के लड़के ने ठुकराया NASA का ऑफर, करना चाहता भारत का नाम रौशन

2020-02-08T10:39:44.653

नई दिल्ली: हर जीवन की कहानी एक सी नहीं होती, लेकिन किसी मोड़ पर कुछ ऐसा होता है जिससे पूरी कहानी बदल जाती है। बहुत से उम्मीदवार अपना ख्वाब पूरा करने के लिए वर्षों तैयारी करते हैं। लेकिन कुछ ऐसे भी होते हैं जो पहले ही प्रयास में और बेहद कम उम्र में यह उपलब्धि हासिल कर लेते हैं। इन्हीं होनहारों में से एक हैं बिहार के भागलपुर जिले के रहने वाले गोपाल जी। यह कहानी है 19 साल के एक लड़के की जिसने छोटी सी उम्र में ऐसे-ऐसे बड़े कारनामे कर दिखाए हैं जिन्‍हें सुनकर कोई भी हैरान रह जाए।

Image may contain: 2 people, people smiling, people standing and text

नासा के साथ काम करने का ऑफर ठुकराया
बात कर रहे हैं गोपाल जी की, जो बिहार के भागलपुर जिले के एक गांव के रहने वाले हैं। 19 साल की छोटी सी उम्र में इस लड़के ने जिसके नाम दो-दो पेटेंट हैं और अमेरिकी स्‍पेस एजेंसी नासा उसके साथ काम करना चाहती है लेकिन वो लड़का कहीं नहीं जाना चाहता, बल्कि उसकी तमन्‍ना भारत में रहकर अपने वतन के लिए कुछ कर गुजरने की है।

Image result for NASA, a

दो पेटेंट किए अपने नाम
गोपाल जी अन्‍वेषक, शोधकर्ता और मोटिवेशनल स्‍पीकर हैं। अभी तक वह केला और पेपर बायो सेल्‍स को लेकर दो पेटेंट अपने नाम कर चुके हैं, जबकि कई दूसरे प्रयोगों पर अभी वह काम कर ही रहे हैं यही नहीं उसे कई अंतरराष्‍ट्रीय मंचों से भी बतौर स्‍पीकर आमंत्रण मिल रहे हैं। खास बात यह है कि गोपाल जी अभी बीटेक कर रहे हैं।

जानें कौन से किए आविष्‍कार

Image may contain:  Gopal Jee

केले के पत्तों से किया आविष्‍कार,मिला इंस्‍पायर अवॉर्ड
गोपाल जी को 10वीं में इंस्‍पायर अवॉर्ड मिला तब उसने कुछ अलग करने की सोची। आपको बता दें कि बेकार पड़े केले के पत्तों से बिजली बनाने का आविष्‍कार करने के लिए ही उन्‍हें ये अवॉर्ड मिला था। उनके पिता प्रेम रंजन कुंवर मामूली किसान हैं और उनके पास अपने बेटे की प्रतिभा को आगे ले जाने के लिए पैसे नहीं थे लेकिन गोपाल जी ने हार नहीं मानी। 21 अगस्‍त 2017 को उन्‍होंने पीएम मोदी से मुलाकात की।  

Image result for Bihar boy Gopal ji

-गोपालजी ने Goponium Alloy का आविष्‍कार भी किया है, जो अधिकतम तापमान को भी बरदाश्‍त कर सकता है। उनके मुताबिक, "अमेरिका से कुछ वैज्ञानिक भी मुझसे मिलने आए। मुझे नासा से भी ऑफर मिला, लेकिन मैं हमेशा से अपने देश में काम करना चाहता था ताकि मैं समाज को कुछ वापस दे सकूं."

Image may contain Gopal Jee

- दुबई में होने वाले एक कार्यक्रम में चीफ स्‍पीकर की हैसियत से बुलाया गया है। इसके अलावा उन्‍हें अप्रैल में होने वाले सालाना साइंस फेयर के लिए भी यूएई में आमंत्रित किया गया है।

गोपाल जी एक डिजिटल एजुकेशन प्‍लेटफॉर्म के ब्रांड अम्‍बेस्‍डर हैं और इस नाते उन्‍हें बड़ी धनराशि मिलती है। उन्‍हें देश के अलग-अलग हिस्‍सों से बतौर मोटिवेशनल स्‍पीकर बुलाया जाता है। गोपाल जी कहते हैं, "मैं इस बात पर पूरी तरह से विश्‍वास रखता हूं क‍ि अच्‍छे काम की हमेशा सराहना होती है और कभी किसी को हार नहीं माननी चाहिए, चाहे कितनी ही मुश्किलें क्‍यों न आ जाएं."   


सबसे ज्यादा पढ़े गए

Content Writer

Riya bawa

Recommended News