नई NCERT किताब में भारतीय विरासत की झलक, उपनिषद से महाभारत तक का जिक्र
punjabkesari.in Thursday, Oct 01, 2026 - 09:00 AM (IST)
नई दिल्ली (एजैंसी) : एनसीईआरटी की कक्षा 9 की सामाजिक विज्ञान की नई पाठ्यपुस्तक में भारतीय संस्थानों के ध्येय वाक्यों को प्राचीन भारतीय ग्रंथों और परंपराओं से जोड़ा गया है। ‘अंडरस्टैंडिंग सोसाइटी: इंडिया एंड बियॉन्ड-भाग दो’ में राष्ट्रीय ध्येय वाक्य ‘सत्यमेव जयते’ को मुंडक उपनिषद और सुप्रीम कोर्ट के ध्येय वाक्य ‘यतो धर्मस्ततो जयः’ को महाभारत से लिया गया बताया गया है। पुस्तक के ‘शासन और सार्वजनिक नीति’ अध्याय में कहा गया है कि स्वतंत्रता के बाद भारतीय संस्थानों ने शासन की पारंपरिक अवधारणाओं और मूल्यों को आधुनिक लोकतंत्र की जरूरतों के अनुरूप अपनाया। इसमें बताया गया है कि ‘सत्यमेव जयते’ का अर्थ ‘सत्य की ही विजय होती है’ है। वहीं, ‘यतो धर्मस्ततो जयः’ का अर्थ है कि जहां धर्म यानी सदाचार और कर्तव्य है, वहीं विजय है।
एनसीईआरटी के अनुसार ये ध्येय वाक्य केवल प्रतीकात्मक नहीं हैं, बल्कि भारतीय संस्थानों के मूल्यों और आदर्शों को प्रतिबिंबित करते हैं। पुस्तक में ब्रिटिश काल के ‘ऑर्डर ऑफ द स्टार ऑफ इंडिया’ के ध्येय वाक्य और स्वतंत्र भारत में अपनाए गए ‘सत्यमेव जयते’ के बीच भी अंतर बताया गया है। एनसीईआरटी की नौवीं कक्षा की सामाजिक विज्ञान की नई पुस्तक में नए संसद भवन में वर्ष 2023 में स्थापित किए गए ‘सेंगोल’ को भी स्थान दिया गया है। इसे ‘शासन और सुशासन का सांस्कृतिक प्रतीक’ बताते हुए इसकी परंपरा को चोल राजवंश से जोड़ा गया है। पुस्तक के अनुसार, न्यायपूर्ण शासन के प्रतीक के रूप में सेंगोल के इस्तेमाल की परंपरा एक हजार वर्ष से अधिक पुरानी है।
पाठ्यपुस्तक में सेंगोल का संबंध भारत की स्वतंत्रता के समय सत्ता हस्तांतरण से भी जोड़ा गया है। इसमें कहा गया है कि 15 अगस्त 1947 की मध्यरात्रि स्वतंत्रता के अवसर पर तत्कालीन प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू ने तमिलनाडु की प्राचीन शैव परंपरा से जुड़े अधीनम संतों से सेंगोल प्राप्त किया था। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 28 मई 2023 को नए संसद भवन में लोकसभा अध्यक्ष के आसन के पास ऐतिहासिक सेंगोल स्थापित किया था। एनसीईआरटी की नई पुस्तक इतिहास, भूगोल, राजनीति विज्ञान और अर्थशास्त्र से जुड़े 6 अध्यायों के साथ राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखा-2023 और राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के तहत कक्षा 9 के संशोधित पाठ्यक्रम का हिस्सा है।
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