Hyderabad: हैदराबाद में IT विभाग की बड़ी कार्रवाई, 70,000 करोड़ रुपए की बिक्री छिपाने की आशंका
punjabkesari.in Thursday, Feb 19, 2026 - 06:08 PM (IST)
बिजनेस डेस्कः हैदराबाद में फूड एंड बेवरेज सेक्टर से जुड़ी एक बड़ी टैक्स अनियमितता का मामला सामने आया है। इनकम टैक्स विभाग की हैदराबाद जांच इकाई ने एक लोकप्रिय बिलिंग सॉफ्टवेयर के डेटा की जांच के दौरान व्यापक स्तर पर सेल्स छिपाने के संकेत पाए हैं।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, अधिकारियों ने करीब 60 टेराबाइट डेटा का विश्लेषण किया। संबंधित सॉफ्टवेयर का उपयोग देशभर में 1 लाख से अधिक रेस्टोरेंट करते हैं। प्रारंभिक आकलन के अनुसार, 2019-20 से अब तक लगभग 70,000 करोड़ रुपए की बिक्री रिपोर्टिंग में गड़बड़ी की आशंका है। हालांकि विभाग ने अभी तक संभावित टैक्स और जुर्माने का अंतिम आकलन जारी नहीं किया है।
अधिकारियों का कहना है कि जिस सॉफ्टवेयर की जांच की गई, उसका देश के कुल रेस्टोरेंट बिलिंग सॉफ्टवेयर बाजार में लगभग 10% हिस्सा है। जांच के दौरान 1.8 लाख से अधिक रेस्टोरेंट्स के डेटा का विश्लेषण किया गया, जिसमें एडवांस डेटा एनालिटिक्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) टूल्स, सहित जेनरेटिव AI का उपयोग किया गया।
जांच में यह भी पाया गया कि 70,000 करोड़ रुपए के कुल संभावित बिक्री डेटा में से लगभग 13,317 करोड़ रुपए का रिकॉर्ड डिलीट किया गया था। आंध्र प्रदेश और तेलंगाना में 5,141 करोड़ रुपए की बिक्री छिपाने के संकेत मिले हैं। इन दोनों राज्यों में 40 रेस्टोरेंट्स का सैंपल लेकर फिजिकल और डिजिटल वेरिफिकेशन किया गया, जिसमें करीब 400 करोड़ रुपए की अघोषित बिक्री सामने आई।
राज्यवार विश्लेषण में तमिलनाडु, कर्नाटक, तेलंगाना, महाराष्ट्र और गुजरात में अधिक अनियमितताएं पाई गईं। कर्नाटक में लगभग 2,000 करोड़ रुपए, तेलंगाना में 1,500 करोड़ रुपए और तमिलनाडु में 1,200 करोड़ रुपए के बिक्री रिकॉर्ड डिलीट किए जाने के संकेत हैं। फिलहाल आयकर विभाग विस्तृत जांच और टैक्स देनदारी के अंतिम निर्धारण की प्रक्रिया में जुटा है।
