पौष पूर्णिमा 2019: शुभ मुहूर्त के साथ जानें महत्वपूर्ण जानकारी

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हिंदू धर्म के मुताबिक हर महीने की पूर्णिमा का एक विशेष महत्व होता है। लेकिन आज 21 जनवरी को पौष माह के शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा का अधिक महत्व बताया गया है। वैसे तो पौष पूर्णिमा 20 जनवरी को दोपहर 02 बजकर 19 मिनट पर ही लग गई थी लेकिन उदया तिथि के कारण पौष पूर्णिमा का स्‍नान 21 जनवरी को ही है। इस दिन माघ महीने की शुरुआत के साथ-साथ स्नान और दान का भी महत्व होता है। शास्त्रों में बताया गया है कि इस दिन किसी पवित्र नदी में स्नान करने से व्यक्ति को मोक्ष की प्राप्ति होती है। जो लोग आज के दिन व्रत करते हैं उनको भगवान सूर्य देव की कृपा के साथ ही श्री हरि की भी कृपा मिलती है। आज के दिन ब्राह्मणों और गरीबों को अपनी क्षमता के अनुसार दान करना चाहिए। कहते हैं ऐसा करने पर भगवान आप पर खुश होकर जल्द ही आपकी सारी मनोकामनाएं पूरी करते हैं। तो चलिए आज हम आपको इस व्रत से जुड़ी पूजन विधि और इसके महत्व के बारे में बताएंगे। 


शुभ मुहूर्तः

पूर्णिमा तिथि प्रारंभ: 20 जनवरी 2019 को दोपहर 02 बजकर 19 बज से 
पूर्णिमा तिथि समाप्‍त: 21 जनवरी 2019 को सुबह 10 बजकर 46 मिनट तक

पूजन विधिः
इस दिन व्रत करने वाले को प्रातः काल उठकर किसी पवित्र नदी में स्नान के बाद व्रत का संकल्प करना चाहिए। अगर कोई व्यक्ति किसी नदी में स्नान न कर पाए तो घर पर ही नहाने के पानी में गंगाजल डालकर नहा लेना चाहिए।  

इसके बाद भगवान सूर्य का ध्यान लगाना चाहिए और उनको लाल सिंदूर मिला जल चढ़ाना चाहिए।  

मंदिर में भगवान विष्णु के सामने गाय के घी का दीपक जलाकर, फूल और फल अर्पित करने का बाद विधिवत उनकी आरती करें।  

रात के समय जागरण अवश्य करना चाहिए और कोई न कोई पौराणिक कथा पढ़नी चाहिए।  

महत्‍व

शास्त्रों में कहा जाता है कि जो लोग इस दिन पूरे तन, मन से व्रत करते हैं, स्‍नान करते हैं और गरीबों को दान देते हैं वे जन्‍म और मरण के बंधन से मुक्‍त हो जाते हैं। इस दिन सुबह सूर्य को अर्घ्‍य देने के बाद रात के समय सत्‍यनारायण भगवान की कथा पढ़ी जाती है और चंद्रमा की पूजा की जाती है। 
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