कार्ति की विदेश यात्रा संबंधी याचिका पर सुनवाई 28 जनवरी तक टली

नई दिल्लीः उच्चतम न्यायालय ने सोमवार को वरिष्ठ कांग्रेसी नेता पी चिदंबरम के बेटे कार्ति चिदंबरम की विदेश यात्रा की इजाजत मांगे जाने वाली याचिका पर सुनवाई 28 जनवरी तक के लिये टाल दी।

कार्ति की याचिका पर जवाब दायर करने के लिये प्रवर्तन निदेशालय की तरफ से पेश हुए सॉलीसीटर जनरल तुषार मेहता द्वारा और वक्त मांगे जाने के बाद प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई और न्यायमूर्ति संजीव खन्ना की पीठ ने मामले में सुनवाई स्थगित कर दी। कार्ति ने याचिका में कहा था कि वह अगले कुछ महीनों के दौरान फ्रांस, स्पेन, जर्मनी और ब्रिटेन की यात्रा करना चाहते हैं। जांच एजेंसी ने इस याचिका का विरोध किया है।

याचिका में किया गया यात्राओं का जिक्र
याचिका में कहा गया, याचिकाकर्ता को अगले कुछ महीनों में फ्रांस, स्पेन, जर्मनी और ब्रिटेन की यात्रा करने की जरूरत होगी। यह यात्राएं ‘टोटस टेनिस लिमिटेड’ नाम की कंपनी द्वारा आयोजित की जाने वाली विभिन्न अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं के संदर्भ में होगी। कंपनी का पंजीकृत कार्यालय ब्रिटेन में है।’’

इसमें कहा गया कि कार्ति पूर्व खिलाड़ी, मौजूदा प्रशासक और उद्यमी’’ के तौर पर टेनिस से जुड़े हुए हैं। याचिका में कहा गया, च्च्ब्रिटेन में उनकी मौजूदगी 21 से 27 जनवरी 2019 के बीच होने वाली टोटस की समीक्षा और संचालन बैठकों के लिहाज से जरूरी है।’’ कार्ति प्रवर्तन निदेशालय और सीबीआई द्वारा दर्ज किये गए आपराधिक मामलों में जांच का सामना कर रहे हैं।

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