पशुधन उत्पादों का निर्यात अप्रैल-जून तिमाही में 106 प्रतिशत बढ़ा

2021-07-28T22:56:26.317

नयी दिल्ली, 28 जुलाई (भाषा) देश का पशुधन उत्पादों का निर्यात चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में 106 प्रतिशत बढ़कर 7,543 करोड़ रुपये हो गया। इससे पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में यह आंकड़ा 3,668 करोड़ रुपये रहा था।
वाणिज्य मंत्रालय ने बुधवार को कहा कि निर्यात के लिए भैंसे के मांस की मांग में बढ़ोतरी की एक प्रमुख वजह सख्त सुरक्षा और स्वास्थ्य मानकों का प्रत्येक स्तर पर पालन किया जाना है।
बयान में कहा गया है कि भारतीय भैंसे के मांस की ऊंची मांग की वजह से इसका निर्यात हांगकांग, वियतनाम, मलेशिया, मिस्र, इंडोनेशिया, इराक, सऊदी अरब, फिलिपीन तथा संयुक्त अरब अमीरात को किया जा रहा है। देश से सिर्फ भैंसे के मांस के निर्यात की अनुमति है।
भारत दुनिया में भैंस के मांस का निर्यात करने वाले प्रमुख निर्यातकों में से एक है। देश में मांस प्रसंस्करण का विश्वस्तरीय ढांचा है, जिसके तहत प्रमाणित गुणवत्ता प्रबंधन, खाद्य सुरक्षा प्रबंधन और पर्यावरण प्रबंधन व्यवस्था शामिल है।
भारत से भैंस के मांस के निर्यात कारोबार पर कोविड-19 का कोई प्रतिकूल असर नहीं हुआ है। यह पूरी तरह से पटरी पर है और आपूर्ति श्रृंखला में बिना किसी अवरोध के सुचारू रूप से चल रहा है। महामारी के असर के बावजूद भारत वित्त वर्ष 2020-2021 में 3.17 अरब अमेरिकी डॉलर का निर्यात करने में सक्षम रहा है, जो कि वित्त वर्ष 2019-20 के निर्यात स्तर के बराबर है।


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PTI News Agency

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