पूर्व केंद्रीय मंत्री जगमोहन का निधन, राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री ने दी श्रद्धांजलि

5/5/2021 7:36:33 PM

नयी दिल्ली, चार मई (भाषा) पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं जम्मू कश्मीर के राज्यपाल रहे जगमोहन का सोमवार को राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में निधन हो गया। वह 93 वर्ष के थे और पिछले कुछ समय से बीमार थे।

भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारी जगमोहन दिल्ली और गोवा के उपराज्यपाल भी रहे।
जगमोहन ने बतौर नौकरशाह अपने करियर की शुरुआत की थी और उन्हें सख्त और कुशल प्रशासक के रूप में देखा जाता था।

वर्ष 1984 में उन्हें जम्मू एवं कश्मीर का राज्यपाल नियुक्त किया गया था।

इस पूर्ववर्ती राज्य में जब आतंकवाद अपने पैर पसारने लगा तब उन्हें 1990 में एक बार फिर वहां का राज्यपाल नियुक्त किया गया लेकिन तत्कालीन प्रधानमंत्री वी पी सिंह के नेतृत्व वाली सरकार से आतंकवाद के मुद्दे पर मतभेदों के कारण कुछ महीने बाद ही उन्हें पद से हटा दिया गया।

बाद में जगमोहन भाजपा में शामिल हो गए। उन्होंने संसद में तीन बार नई दिल्ली संसदीय क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया। उन्हें एक बार राज्यसभा के लिए भी मनोनीत किया गया।

पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार में मंत्री के रूप में काम करते हुए उन्होंने बहुत ख्याति अर्जित की और अपनी विशिष्ट पहचान स्थापित की। वाजपेयी सरकार में वह केन्द्रीय संचार, शहरी विकास, पर्यटन और संस्कृति मंत्री भी रहे।

दिल्ली विकास प्राधिकरण का उपाध्यक्ष रहते 70 के दशक में जगमोहन ने राष्ट्रीय राजधानी के सौंदर्यीकरण के लिए खासकर पुरानी दिल्ली में अवैध निर्माण गिराने के लिए अभियान चलाया था जिसे लेकर उन्हें आलोचनाओं और विरोध का भी सामना करना पड़ा।

बाद में वह दिल्ली के उपराज्यपाल बने। वर्ष 1982 में हुए एशियाई खेलों की सफलता के लिए दिल्ली के उपराज्यपाल के रूप में उनकी भूमिका की आज भी सराहना की जाती है।

उन्हें वर्ष 1971 में पद्मश्री, 1977 में पद्म भूषण और 2016 में पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया था।

जगमोहन एक लेखक भी थे और पढ़ने के शौकीन भी। बीमार होने से पहले वह अक्सर दिल्ली स्थित इंडिया इंटरनेशल सेंटर में घंटों पढ़ा करते थे।

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत कई गणमान्य लोगों ने मंगलवार को उन्हें श्रद्धांजलि दी।

राष्ट्रपति भवन ने रामनाथ कोविंद के हवाले से ट्वीट में कहा, ‘‘जगमोहनजी के निधन से देश ने एक अद्भुत शहरी योजनाकार, सक्षम प्रशासक और विद्वान खो दिया। उनका प्रशासनिक एवं राजनीतिक करियर अतुलनीय प्रतिभा से युक्त था। ’’
राष्ट्रपति ने कहा, ‘‘ उनके (जगमोहन) निधन से एक शून्य पैदा हुआ है जिसे हमेशा महसूस किया जायेगा। उनके परिवार एवं मित्रों को मेरी संवेदनाएं ।’’ उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू ने एक ट्वीट में कहा, ‘‘जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल के रूप में उनके अतुलनीय योगदान को हमेशा याद किया जाएगा। उनके निधन से देश ने एक कुशल प्रशासक को खो दिया।’’
प्रधानमंत्री मोदी ने ट्वीट किया, ‘‘जगमोहन जी का निधन हमारे राष्ट्र के लिए एक बहुत बड़ी क्षति है। वह एक कुशल प्रशासक और प्रतिष्ठित विद्वान थे। उन्होंने देश की बेहतरी के लिए हमेशा काम किया। बतौर मंत्री अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने कई नवप्रवर्तक नीतियां बनाईं। परिवार के सदस्यों और प्रशंसकों के साथ मेरी संवेदनाएं हैं।’’
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि जगमोहन का निधन देश के लिए अपूरणीय क्षति है।

उन्होंने कहा, ‘‘ईश्वर दिवंगत आत्मा को अपने चरणों में स्थान दें व परिजनों को इस आघात को सहन करने की शक्ति प्रदान करें।’’
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी उनके निधन पर शोक जताया और कहा कि जम्मू एवं कश्मीर के राज्यपाल के रूप में उनके कार्यकाल को हमेशा याद किया जाएगा।

उन्होंने ट्वीट कर कहा, ‘‘जगमोहन जी एक कुशल प्रशासक थे और बाद में एक समर्पित राजनीतिज्ञ के रूप में उन्होंने देश में शांति और प्रगति के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए। देश आज उनके निधन से दुखी है। उनके परिजनों के प्रति मेरी संवेदनाएं हैं।’’
जम्मू कश्मीर प्रशासन ने जगमोहन के निधन पर तीन दिनों के राजकीय शोक की घोषणा की।

सामान्य प्रशासन विभाग की ओर से जारी एक अधिसूचना में कहा गया कि पूर्व राज्यपाल के सम्मान में प्रशासन ने मंगलवार से बृहस्पतिवार तक तीनों दिन का शोक रखने का फैसला किया है।

उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने जगमोहन के निधन पर शोक प्रकट किया और कहा कि वह दूरदर्शी, कुशल और प्रभावी प्रशासक थे।

उपराज्यपाल कार्यालय ने एक ट्वीट में कहा, ‘‘जम्मू कश्मीर के पूर्व राज्यपाल जगमोहन जी के निधन के बारे में जानकर दुख हुआ। वह एक दूरदर्शी, कुशल और प्रभावी प्रशासक थे। जगमोहन जी को जम्मू कश्मीर में सुधार और समाज की सेवा के लिए याद किया जाएगा।’’
उपराज्यपाल ने दिवंगत नेता के परिवार, दोस्तों के प्रति संवेदना व्यक्त की और प्रार्थना की कि उनकी आत्मा को शांति मिले।



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