वाराणसी हादसाः निलंबित अधिकारियों से हुई बंद कमरे में पूछताछ

वाराणसीःफ्लाईओवर हादसे के जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों पर याेगी सरकार ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। एसपी क्राइम ज्ञानेंद्र प्रसाद के नेतृत्व में पुलिस और क्राइम ब्रांच की एक टीम मिंट हाउस स्थित सेतु निगम कार्यालय पर पहुंची । जहां इस मामले में निलंबित किए गए अधिकारियों और कर्मचारियों से बंद कमरे में पूछताछ की ।

हादसे के बाद इन अधिकारियाें काे किया गया निलंबित
बता दें कि मंगलवार को फ्लाइओवर हादसे के बाद मौके पर पहुंचे डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्या ने सेतु निगम के चीफ प्रोजेक्ट मैमेजर- एचसी तिवारी, परियोजना प्रबंधक- केआर सुधन, सहायक अभियंता राजेश कुमार और अवर अभियंता- लालचंद्र को तत्काल निलंबित कर दिया था। जिसके बाद बुधवार को इन चारों के खिलाफ सिगरा थाने में गैर इरादतन हत्या समेत कई अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था। माना जा रहा है कि इसी मुकदमे के बाद पुलिस सेतु निगम के इन निलंबित अधिकारियों और कर्मचारियों पर सख्ती कर रही है। इस संदर्भ में अभी पुलिस और उनके आला अधिकारी सेतु निगम कार्यालय में शिव प्रोजेक्ट मैनेजर एचसी तिवारी से बंद कमरे में पूछताछ की।

एसपी क्राइम ज्ञानेन्‍द्र प्रसाद ने बताया कि सिगरा थाने में मुकदमा दर्ज हुआ है। इसी सिलसिले में आज हम यहां पूछताछ के लिये आये थे। सेतु निगम के अधिकारियों से हमने डॉक्‍यूमेंट और कर्मचारियों के बारे में जानकारी मांगी है। सुरक्षा मानक से संबंधित दस्‍तावेज, किसका क्‍या काम है आदि सूचनाएं मांगी गयी हैं। एसपी क्राइम के अनुसार अभी हम जानकारी इकट्ठा कर रहे हैं, जांच के उपरांत कार्रवाई की जायेगी। सेतु निगम के अधिकारियों ने हमें 24 से 48 घंटे में इन्‍फॉर्मेशन देने की बात कही है। पहले हम साक्ष्‍य के आधार पर जानकारी इकट्ठा करेंगे उसके बाद गिरफ्तारी हो सकती है।

हमारी तरफ से काेई लापरवाही नहीं-के.आर सूदन
प्रोजेक्‍ट मैनेजर के आर सूदन ने बताया कि क्राइम ब्रांच की टीम यहां अपनी इन्‍वेस्‍टिगेशन के लिये आयी हुई थी। उन्‍होंने इस बात से इनकार किया कि पिलर का स्‍प्रिंग फेल नहीं हुआ था। प्रोजेक्‍ट मैनेजर के अनुसार कोई ना कोई ऐसी बात हुई होगी जिससे ये बड़ी घटना घटी है। उन्‍होंने कहा कि इसी की जांच हो रही है। प्रोजेक्‍ट मैनेजर के अनुसार वहां ट्रैफिक बहुत ज्‍यादा रहता है। हम लगातार प्रशासन को इस परेशानी के बारे में बता रहे थे कि हमें काम करने में दिक्‍कत हो रही है। अधिकारी के अनुसार जिला प्रशासन की ओर से हमारी बातें मानी भी जाती रही हैं। उन्‍होंने कहा कि हमारी ओर से सिक्‍योरिटी के मानक पूरे किये जाते रहे हैं। हमारी तरफ से कोई लापरवाही नहीं हुई है। 

हवा की वजह से हाे गया डिस्‍प्‍लेसमेंटः के.आर सूदन
प्रोजेक्‍ट मैनेजर के.आर. सूदन के अनुसार हवा की वजह से डिस्‍प्‍लेसमेंट हो जाता है, वो पता नहीं लगता है। हम लगातार साइट का निरीक्षण करने जाते हैं, मुझे वहां कोई परेशानी नजर नहीं आयी। उनके अनुसार 55 टन वजनी स्‍पाईन में हवा की वजह से थ्रस्‍ट होता है। प्रोजेकट मैनेजर इसमें किसी तरह की साजिश से इनकार किया है।

हादसे के दिन नहीं हो रहा था स्‍पाइन में कामः  के.आर सूदन
उन्‍होंने कहा कि हम आज से ब्रिज नहीं बना रहे हैं और कोई लापरवाही नहीं हुई है। सेतु निगम के प्रोजेक्‍ट मैनेजर ने इस बात से भी इनकार कर दिया कि उस दिन उस स्‍पाइन में काम नहीं हो रहा था। उसके बाजू वाले में काम हो रहा था। उन्‍होंने ये भी बताया कि दुर्घटना वाला स्‍पाइन ऊपर नहीं चढ़ाया गया था बल्‍कि उसे ऊपर ही बनाया गया था। 


 

× RELATED वाराणसी: 3 हजार साल पुराने नागकूप में दर्शन मात्र से दूर हो जाता है कालसर्प दोष