नया पाठ्यक्रम विकसित करने वाले पैनल का नेतृत्व करना ‘‘बड़ा सम्मान’’: कस्तूरीरंगन

09/23/2021 10:42:04 AM

बेंगलुरु, 22 सितंबर (भाषा) के. कस्तूरीरंगन ने बुधवार को कहा कि वह स्कूलों के लिए नया पाठ्यक्रम विकसित करने वाले पैनल का नेतृत्व करने को लेकर सम्मानित महसूस कर रहे हैं और इस काम को लेकर काफी उत्साहित हैं।

केन्द्रीय शिक्षा मंत्रालय ने स्कूलों, शुरूआती बाल्यावस्था, अध्यापक और वयस्क शिक्षा के लिए नया स्कूली पाठ्यक्रम तैयार करने को लेकर मंगलवार को 12 सदस्यीय एक समिति का गठन किया। समिति को चार राष्ट्रीय पाठ्यक्रम ढांचा (एनसीएफ) तैयार करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी)-2020 मसौदा समिति के अध्यक्ष भी के. कस्तूरीरंगन थे।

कस्तूरीरंगन ने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘ सरकार ने मुझे जो काम करने को कहा है, उससे मैं बहुत सम्मानित महसूस कर रहा हूं।’’
राष्ट्रीय शिक्षा योजना एवं प्रशासन संस्थान के चांसलर महेश चंद्र पंत, नेशनल बुक ट्रस्ट के अध्यक्ष गोविंद प्रसाद शर्मा, जामिया मिलिया इस्लामिया की कुलपति नजमा अख्तर, आंध्र प्रदेश के केन्द्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय के कुलपति टीवी कट्टिमणि, आईआईएम जम्मू के अध्यक्ष मिलिंद कांबले और आईआईटी गांधीनगर के अतिथि प्रोफेसर मिशेल दनिनो, बठिंडा में पंजाब केन्द्रीय विश्वविद्यालय कुलाधिपति जगबीर सिंह, भारतीय मूल के अमेरिकी गणितज्ञ मंजुल भार्गव, प्रशिक्षक एवं सामाजिक कार्यकर्ता एमके श्रीधर, ‘लैंग्वेज एंड लर्निंग फाउंडेशन’ (एलएलएफ) के संस्थापक निदेशक धीर झिंगरान, और एकस्टेप फाउंडेशन के सह-संस्थापक एवं सीईओ शंकर मारुवाड़ा भी इस पैनल में शामिल हैं।

कस्तूरीरंगन ने कहा, ‘‘ सभी सदस्य शिक्षा, प्रशिक्षण और ज्ञान से जुड़े सभी पहलुओं से बहुत ही विद्वतापूर्ण और अच्छी तरह से वाकिफ हैं। उसके साथ काम करना सौभाग्य की बात होगी।’’
मंत्रालय के अनुसार, समिति स्कूली शिक्षा, प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल एवं शिक्षा, अध्यापक शिक्षा और वयस्क शिक्षा के लिए चार एनसीएफ तैयार करेगी, जिसमें प्रस्तावित पाठ्यक्रम सुधारों के लिए इन चार क्षेत्रों से जुड़े एनईपी-2020 की सभी सिफारिशों पर ध्यान दिया जाएगा।

एनसीएफ भारत में स्कूलों के लिए पाठ्यक्रम, पाठ्यपुस्तक और शिक्षण प्रथाओं के लिए एक दिशानिर्देश के रूप में कार्य करता है।



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PTI News Agency

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