निगम डोर टू डोर गारबेज कलैक्शन के लिए वसूलेगा यूजर फीस

2020-10-18T20:03:31.833

चंडीगढ़,(राजिंद्र शर्मा) : चंडीगढ़ नगर निगम जल्द ही उन एरिया से डोर टू डोर गारबेज कलैक्शन के लिए यूजर फीस लेना शुरू कर देगा, जिन एरिया से वह सॉलिड वेस्ट कलैक्ट करता है। इनमें 200 से लेकर 2000 के बीच अलग-अलग फीस चार्ज की जाएगी। नगर निगम हाऊस की मीटिंग में इसे लेकर प्रस्ताव लाया जा रहा है, जिसकी अप्रूवल मिलते ही 34 हजार घरों और 3 हजार के करीब दुकानों से इसे वसूलने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। सॉलिड वेस्ट मैनेजमैंट बाईलॉज के तहत यूजर चार्जेस वाटर बिल के जरिए भी वसूले जा सकते हैं। इसके अलावा जिनके पास वाटर कनैक्शन नहीं है, उनसे पी.ओ.एस. मशीन के जरिए निगम कर्मी, एजैंसी या फिर प्रॉपर्टी टैक्स के जरिए भी वसूल किए जा सकते हैं। रैजीडैंशियल एरिया के अलावा स्कूल, टैक्सी स्टैंड, पैट्रोल पंप और होटलों आदि को यूजर चार्जेस चुकाने होंगे।

 

हर माह 90 लाख मिलने की उम्मीद
खराब वित्तीय हालत से जूझ रहे नगर निगम को इससे हर माह 90 लाख रुपए मिलने की उम्मीद है। इस संबंध में नगर निगम के अधिकारी ने बताया कि वह इस संबंधित प्रस्ताव लेकर आ रहे हैं और अप्रवूल के बाद ही इसे लागू कर दिया जाएगा। बाईलॉज के तहत कलेक्शन, ट्रांसपोर्टेशन और सॉलिड वेस्ट के डिस्पोजल के लिए ही रैजीडैंशियल, कर्मिशयल, होटल, रैस्टोरैंट्स और शॉप्स से ये यूजर फीस ली जाती है। 
शहर की कई सैक्टरों में अब तक फिलहाल प्राइवेट गारबेज कलैक्टर्स की तरफ से डोर टू डोर गारबेज कलैक्शन का काम किया जा रहा है, जिसके चलते ही यूजर चार्जेस भी अलग-अलग ही  वह क्लैक्ट करते हैं। निगम ने 13 गांवों में कचरे की डोर टू डोर कलैक्शन की प्रक्रिया खुद शुरू कर दी है, जिसमें कुछ सैक्टर भी शामिल हैं। इनमें धनास, सारंगपुर, खुड्डा लाहौरा, खुड्डा जस्सू, दरिया, किशनगढ़, कैंबवाला, खुड्डा अलीशेर, रायपुर खुर्द, बहलाना, मखनमाजरा, मलोया - ईडब्ल्यूएस कॉलोनी, रायुपुर कलां का एरिया शामिल है। इसके अलावा सैक्टर-7,8,9,16, 21, 22, 23, 24, 26, 28, 29/30, 31, 32, 33, 36, 37, 38 और 49 आदि सैक्टरों की मार्कीट भी हैं। जिससे सभी घरों की कैटेगरी, यूनिट के हिसाब से कचरा उठाने, ले जाने के लिए यूजर फीस चार्ज की जाएगी। 

संपत्ति के मालिक को देनी होगी जानकारी 
रैजीडैंशियल, कर्मिशयल प्रॉपर्टी के मालिकों को अपने परिवार के सदस्यों व आर्थिंक गतिविधियों में शामिल लोगों की संख्या के बारे में एक माह में जानकारी देनी होगी। अगर वह ऐसा नहीं करते तो निगम की तरफ से खुद इसे चैक किया जाएगा और प्रत्येक से पांच हजार रुपए पैनल्टी वसूली जाएगी। फिलहाल कुछ सैक्टरों में ही ये प्रक्रिया शरु की जाएगी। बाद में निगम द्वारा ये प्रक्रिया अन्य सैक्टरों में भी शुरु की जाएगी। पहले माह इसे ट्रायल के रुप में चलाया जाएगा और अगले महीने की पहली तारीख से ही यूजर चार्जेस लगने शुरु होंगे। 

 

यूनियन करेगी विरोध 
वहीं सफाई कर्मचारी यूनियन ने निगम के इस प्रस्ताव का विरोध करने का फैसला लिया है। यूनियन के प्रधान कृष्ण कुमार चड्डा ने कहा कि निगम का ये प्रस्ताव गलत है, क्योंकि इससे पहले कमेटी के साथ हुई मीटिंग में उनके हक में फैसला लिया था लेकिन अब निगम फिर से ये प्रस्ताव ला रहा है, जिसके खिलाफ वह रोष प्रदर्शन करेंगे। 


Edited By

ashwani

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