सड़क हादसों पर नगर निगम सख्त, बदले जाएंगे साइन बोर्ड

2020-01-19T13:37:56.82

चंडीगढ़(राय) : शहर में लगातार सड़क दुर्घटनाओं से होने वाली हादसों को लेकर नगर निगम सख्त हो रहा है। अब नगर निगम की ओर से शहर के साइन बोर्ड बदले जाएंगे। इसे लेकर नगर निगम की सोमवार को होने जा रही सदन बैठक में चर्चा के लिए बकायदा प्रस्ताव लाया जा रहा है। इसके लिए निगम ने लाखों का एस्टीमैट तैयार किया है। पुलिस के साथ बैठक के बाद ही यह एजैंडा लाया जा रहा है। 

पुलिस के आंकड़ों के मुताबिक शहर में पिछले वर्ष सड़क दुर्घटनाओं में 100 लोगों की मौत हुई थी। साइन बोर्ड फीका होने के कारण भी इस तरह के हादसे होने की बात सामने आई है। नगर निगम और यातायात पुलिस के अधिकारियों ने इस बात को सामने रखा है। नगर निगम शहर के  सभी साइन बोर्ड को बदलने की योजना बना रहा है। 

वहीं, सभवत: सदन बैठक में पार्षदों और अधिकारियों के बीच चर्चा के दौरान इसे लेकर और भी सुझाव आ सकते हैं। ऐेसे में प्रस्ताव में वैल्यू एडीशन भी हो सकती है। इस मामले को लेकर पिछले साल 18 दिसम्बर को बैठक हुई थी। 

इसमें पूर्व मेयर राजेश कालिया, चंडीगढ़ डी.एस.पी. (यातायात) हरजीत कौर और बीएंड आर विंग के अन्य अधिकारी शामिल हुए थे। इस बैठक में पुलिस विभाग ने नगर निगम के अधिकारियों के साथ अपनी नवीनतम सर्वेक्षण रिपोर्ट साझा की थी। यात्रियों के लिए शहर की सड़कों को सुरक्षित बनाने के लिए तत्काल कार्रवाई की मांग की थी।

डी.एस.पी. ट्रैफिक ने साइन बोर्ड बदलने का उठाया था मसला :
बैठक में चंडीगढ़ पुलिस की डी.एस.पी. हरजीत कौर ने सड़क पर लोगों को दुर्घटनाओं से बचाने के लिए साइन बोर्ड बदलने की बात कही थी। बोर्ड सही जगह लगाए जाए जिससे कि लोग दुर्घटना का शिकार न हों। लोग सही तरीके से यातायात नियमों का पालन करें। 

डी.एस.पी. हरजीत कौर ने बताया था कि पुलिस विभाग ऐसे साइन बोर्डों की सूची प्रदान करेगा, जिन्हें बदला जाएगा। एम.सी. ने कहा है कि इस कार्य को जल्द ही करवाया जाएगा।

ये बोर्ड बदले जाएंगे :
साइनबोर्ड पैदल यात्री क्रॉसिंग, रास्ता देना, अनिवार्य/नियामक साइन बोर्ड, गति सीमा बोर्ड, सड़क बनाने के लिए अन्य बोर्ड लगाए जाएंगे। संशोधित मोटर वाहन अधिनियम के तहत सड़क के डिजाइन के मानकों का पालन करने में विफल रहने के लिए सड़क ठेकेदारों के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है। हालांकि, न्यायालय को इस शक्ति का प्रयोग करने का अधिकार है।

क्या कहा रिपोर्ट में :
मीटिंग में रिपोर्ट में सामने आया कि सैक्टर 44/45 और 45/46 प्रकाश बिंदुओं पर यू-टर्न को प्रतिबंधित करने वाले संकेत गायब हैं। रिपोर्ट में सैक्टर 33/45, 38/40, 34/44 और 53/54 सहित सात हिस्सों में सड़क के दोनों ओर लगातार सफेद लाइन के निशान का प्रस्ताव रखा गया। 

सर्वे में 27 स्ट्रेचेस पाए गए, जिनमें ओल्ड लेबर चौक (18/19/20/21), अटावा चौक, आई.एस.बी.टी.-17 चौक और सैक्टर 23/24/36/37 राउंडअबाउट शामिल हैं, जहां जेब्रा क्रॉसिंग को दोबारा करने की तत्काल आवश्यकता है। इस तरह शहर में अन्य जगहों पर साइन बोर्ड खराब पाए गए हैं। इन्हें बदले जाने की तैयारी की जा रही है।


Priyanka rana

Related News