रेलवे ने कोहरे में सुरक्षित संचालन के दिए आदेश, चंडीगढ़ लोको पायलट के पास 16 फॉग सेफ्टी डिवाइस

12/26/2020 11:58:59 PM

चंडीगढ़, (लल्लन यादव): मौसम के मिजाज को बदलते देखते ही रेलवे हैडक्वार्टर ने कोहरे व धुंध वाले एरिया में ट्रेनों की स्पीड को लेकर सूची जारी कर दी है। सभी रेलवे स्टेशन के लोको पायलट लॉबी को फॉग सेफ्टी डिवाइस जारी करने के आदेश भी मंडलों को दिए गए हैं। लोको पायलट को ट्रेनों की स्पीड पर ध्यान देना है और फॉग सेफ्टी डिवाइस के जरिए धुंध व कोहरे में ट्रेनों को चलाना होगा। 

 


जनवरी में उत्तर भारत में धुंध व कोहरे का कहर अधिक होता है। ऐसे में चंडीगढ़ से यू.पी., बिहार और उत्तराखंड जाने वाली ट्रेनों की स्पीड भी आधी कर दी गई है। चंडीगढ़ लोको पायलट लॉबी के पास 16 फॉग सेफ्टी डिवाइस हैं। 
लोको पायलट सेट करते हैं रूट
सेफ्टी फॉग डिवाइस को पहले लोको पायलट चार्ज करता है। जब ट्रेन शुरू होता है तो इस डिवाइस पर पूरा रूट सेट किया जाता है। जब ट्रेन चलनी शुरू हो जाती है तो डिवाइस 400 मीटर पर रूट व सिग्नल के बारे में लोको पायलट को जानकारी देनी शुरू कर देता है। लोको पायलट ने कहा कि इस से फायदा बहुत है लेकिन अभी जिन इलाकों में विजिबिलिटी शून्य है, वहां ट्रेनों की स्पीड आधी से भी कम करके चलाना पड़ता हैं, जिसके कारण ट्रेनें लेट होती हैं। चीफ पब्लिक रिलेशन आफिसर दिल्ली बोर्ड दीपक कुमार ने बताया कि धुंध व कोहरे से निपटने के लिए सभी मंडलों को आदेश जारी कर दिए गए हैं। फॉग सेफ्टी डिवाइस मुहैया करवाए जा चुके हैं।


400 मीटर पहले ही अलर्ट करेगा सिस्टम
कोहरे के चलते दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। इसके चलते लोको पायलट धीरे-धीरे ट्रेन चलाने को मजबूर होते हैं। इतनी सावधानी के बावजूद कभी-कभी कोहरे के दौरान सिग्नल न दिख पाने के कारण दुर्घटनाएं हो जाती हैं। इनको रोकने के लिए इस बार जी.पी.एस. आधारित एक ऐसी डिवाइस का प्रयोग रेलवे करने जा रहा है, जिसके जरिए लोको पायलट को 400 मीटर पहले यह पता चल जाएगा कि आगे सिग्नल है। 


सबसे ज्यादा पढ़े गए

News Editor

Ajit Dhankhar

Recommended News