‘गृह सचिव, डी.सी. और एस.एस.पी. को नोटिस जारी’

09/22/2021 1:25:25 AM

चंडीगढ़, (रमेश हांडा): रेलवे स्टेशन के साथ लगते गांव दड़वा में स्थित सखी सर्वर सुलतान लखदाता मजार व कब्रिस्तान की जमीन पर हो रहे नाजायज कब्जों को रोकने व कब्जाधारियों पर कानूनी कार्रवाई की मांग और जान-माल की सुरक्षा को लेकर हाईकोर्ट की ओर से दिए जा चुके आदेशों पर भी कार्रवाई नहीं होने के बाद याची ने अर्जी दाखिल की। अर्जी पर सुनवाई करते हुए जस्टिस गुरविंदर सिंह की कोर्ट ने चंडीगढ़ प्रशासन के गृह सचिव, डी.सी. और एस.एस.पी. चंडीगढ़ को नोटिस जारी कर जवाब तलब कर लिया है।

 


दो माह में कार्रवाई का दिया था भरोसा
इससे पहले प्रशासन के खिलाफ दाखिल याचिका पर चंडीगढ़ प्रशासन की ओर से पेश हुए अधिवक्ता ने कोर्ट को आश्वस्त किया था कि दो माह के भीतर उक्त मामले में डी.सी. जांच कर कार्रवाई कर देंगे। प्रशासन के जवाब के बाद कोर्ट ने डी.सी. को दिशा-निर्देश देते हुए याचिका का निपटारा कर दिया था। कब्रिस्तान और मजार की जगह पर हो रहे अवैध निर्माण कार्यों पर रोक नहीं लगने पर अब्दुल रज्जाक खान ने अर्जी लगाते हुए कोर्ट को बताया कि जून 2021 को हाईकोर्ट की ओर से जारी आदेशों की पालना में देरी हो रही है जोकि जमीन के कब्जा धारियों को लाभ की नीयत से की जा रही है।


हाईकोर्ट ने अवैध निर्माण गिराने को कहा था
इससे पहले हुई सुनवाई पर पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के जस्टिस गुरविंदर सिंह गिल ने चंडीगढ़ के एस.एस.पी. कुलदीप चहल को आदेश दिए थे कि याचिकाकत्र्ता अब्दुल रज्जाक खान की और से 9 व 16 दिसम्बर को दी गई शिकायत को स्वीकार करते हुए उस पर कार्रवाई की जाए और दड़वा में स्थित मजार और कब्रिस्तान को प्रोटैक्ट किया जाए। 
वहां हो चुके अवैध निर्माण गिराए जाएं और कब्जा धारकों पर कार्रवाई की जाए। कोर्ट ने याची के जान व माल की सुरक्षा निश्चित किए जाने के निर्देश भी एस.एस.पी. को दिए थे। याची ने कोर्ट को बताया कि उक्त आदेशों पर भी कोई कार्रवाई नहीं हुई और बिल्डर नाजायज निर्माण करते जा रहे हैं।


कब्जाधारी अब भी कर रहे हैं निर्माण कार्य
अब्दुल रज्जाक ने याचिका में बताया कि कुछ लोग सरकारी मिलीभगत से मजार, कब्रिस्तान व उसके आसपास की पंचायती जमीन पर कब्जे कर निर्माण कर रहे हैं और जमीन के स्वरूप को बदल रहे हैं। मामला जिला कलैक्टर के पास गया था, जिन्होंने शिकायत पर अमल करते हुए अतिक्रमणों को हटाने व धार्मिक स्थल की सुरक्षा के आदेश जारी किए थे, जिसे प्रतिवादी पक्ष ने चुनौती भी दी थी लेकिन उसे ठुकरा दिया गया था।


 डिस्ट्रिक्ट मैजिस्ट्रेट कम कलैक्टर को बताया गया था कि जमीन पर हुए कब्जे हटाकर जमीन का कब्जा ग्राम पंचायत को दे दिया गया है। अब्दुल रज्जाक के अनुसार कलैक्टर के आदेशों और हाईकोर्ट के निर्देशों के बावजूद कब्जाधारियों ने निर्माण जारी रखा हुआ था जोकि आज भी जारी है। याचिका में बताया गया कि जमीन पर कब्जा करने वाले धार्मिक स्थल पर राजनीतिक बैठकें करने लगे हैं जोकि गैर कानूनी है। कोर्ट ने याची पक्ष को सुनने के बाद गृह सचिव, डी.सी. व एस.एस.पी. को 7 दिसम्बर के लिए नोटिस जारी किया है।


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News Editor

Ajit Dhankhar

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