लंबी बीमारी के बाद हक्कानी नेटवर्क के संस्थापक जलालुद्दीन की मौत

काबुलः अफगानिस्तान में सक्रिय सबसे अधिक शक्तिशाली आतंकवादी समूहों में से एक हक्कानी नेटवर्क के संस्थापक जलालुद्दीन हक्कानी की लंबी बीमारी के बाद मौत हो गई। तालिबान ने मंगलवार को यह जानकारी दी। तालिबान की ओर से जारी बयान के मुताबिक जलालुद्दीन अपनी बीमारी के कारण कुछ सालों से बिस्तर पर था।


जलालुद्दीन ने 1970 के दशक में हक्कानी नेटवर्क की स्थापना की थी। कुछ वर्ष पहले उसने नेटवर्क की कार्यप्रणाली का जिम्मा अपने बेटे सिराजुद्दीन को सौंप दिया था। सिराजुद्दीन इन दिनों अफगान तालिबान का दूसरा सबसे प्रमुख नेता है। बहरहाल अभी यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि जलालुद्दीन की मौत से हक्कानी नेटवर्क की गतिविधियों पर क्या असर पड़ेगा अथवा सिराजुद्दीन इसका दायित्व संभालेगा। 

हक्कानी नेटवर्क अफगानिस्तान की सेना और वहां तैनात अमेरिकी सैन्य बलों पर संगठित हमलों के साथ ही नागरिकों को निशाना बनाने तथा हाई-प्रोफाइल अपहरण की घटनाओं को अंजाम देने के लिए जाना जाता है। अमेरिकी और अफगानी अधिकारियों का कहना है कि हक्कानी नेटवर्क को पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी का समर्थन है। पाकिस्तान ने हालांकि इस आरोप को यह कहते हुए खारिज किया है कि इस नेटवर्क का संबंध पहले अमेरिका की केंद्रीय खुफिया एजेंसी से रहा है।

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