परिवारों की नकदी बचत सात साल के उच्च स्तर पर

नई दिल्ली:परिवारों द्वारा नकदी के रूप में की जाने वाली वित्तीय बचत 2017-18 में सकल राष्ट्रीय खर्च योग्य आय (जीएनडीआई) के 2.80 प्रतिशत पर पहुंच गया है। यह पिछले सात साल का उच्चतम स्तर है। नवंबर 2016 में नोटबंदी के बाद यह 2016-17 में दो प्रतिशत गिर गया था। रिजर्व बैंक के आंकड़ों के अनुसार, परिवारों की सकल वित्तीय बचत इस दौरान बढ़कर जीएनडीआई के 7.1 प्रतिशत पर पहुंच गई।

नोटबंदी के बाद यह भी 2015-16 के 8.1 प्रतिशत से गिरकर 2016-17 में 6.7 प्रतिशत पर आ गई थी। जमा के रूप में बचत नोटबंदी के बाद 2016-17 में बढ़कर जीएनडीआई के 6.3 प्रतिशत पर पहुंच गयी थी लेकिन 2017-18 में यह गिरकर 2.9 प्रतिशत पर आ गई। इस दौरान शेयरों और डिबेंचरों के रूप में बचत बढ़कर 0.9 प्रतिशत पर पहुंच गयी। जबकि 2015-16 में यह अनुपात 0.3 प्रतिशत था।       

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