अनंत कुमार के निधन पर सदमे में भाजपा नेता, PM मोदी बोले- अहम साथी और दोस्त खोया

बेंगलुरु: केंद्रीय मंत्री अनंत कुमार (59) का आज तड़के बेंगलुरु के शंकरा अस्पताल में निधन हो गया। अनंत कुमार पिछले कुछ महीनों से फेफड़े के कैंसर से जूझ रहे थे। कुमार के निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शोक प्रकट करते हुए कहा कि मैंने अपना एक महत्वपूर्ण साथी और दोस्त खो दिया। मोदी ने कहा कि कुमार एक असाधारण नेता थे जो युवावस्था में ही सार्वजनिक जीवन में आए और काफी लगन और सेवा भाव से समाज की सेवा की।


उन्होंने कहा कि वह अपने अच्छे कार्य के लिए हमेशा याद किए जाएंगे। मोदी ने एक अन्य ट्वीट में कहा कि अनंत कुमार जी सक्षम प्रशासक थे, जिन्होंने कई मंत्रालयों की जिम्मेदारी संभाली और भाजपा संगठन के लिए एक धरोहर थे। उन्होंने पार्टी को कर्नाटक और खासतौर पर बेंगलुरु और आस-पास के क्षेत्रों में मजबूत करने के लिए कठोर परिश्रम किया। वह अपने क्षेत्र की जनता के लिए हमेशा सुलभ रहते थे। उन्होंने कहा कि इस दुख की घड़ी में मेरी संवेदना उनके समूचे परिवार, मित्रों और समर्थकों के प्रति है। ओम शांति।

अनंत कुमार का निधन देश के सार्वजनिक जीवन में बहुत बड़ी क्षति है, खासकर कर्नाटक के लोगों के लिए. उनके परिवार, सहयोगी और अनंत शुभेच्छुओं को मेरी सांत्वना।
राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद

अपने अति वरिष्ठ सहयोगी और मित्र के असामयिक निधन से दुखी और सदमे में हूं। वे एक मंझे हुए सांसद थे जिन्होंने अपनी पूरी काबिलियत से देश की भरपूर सेवा की। लोक कल्याण के लिए उनके जुनून और समर्पण की जितनी तारीफ की जाए, कम है। दुख की इस घड़ी में मैं उनके परिजनों के साथ हूं। सरकार और पार्टी के लिए किए गए उनके काम की यादें मेरे दिमाग में भरी हुई हैं और यह यादें हमेशा मेरे दिल और दिमाग में रहेंगी। कुमार जी का इश तरह जाना भाजपा के लिए तो यह बड़ी हानि है लेकिन मेरे खुद के लिए भी यह बहुत बड़ी क्षति है जो कभी पूर्ण नहीं होगी।
गृहमंत्री राजनाथ सिंह 

 'अनंत जी के निधन से भाजपा और देश की राजनीति में ऐसा सूनापन पैदा हुआ है जिसे भर पाना मुश्किल है। भगवान उनके परिवार को दुख सहने की क्षमता दे, उनके परिजनों को मेरी सांत्वना।
भाजपा अध्यक्ष अमित शाह


केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री अनंत कुमार जी के असामयिक निधन से स्तब्ध हूं। सार्वजनिक जीवन में वर्षों हम निकट सहयोगी रहे।यह रिक्ती अपूरणीय है। ईश्वर गतात्मा को चिर शांति दें। शोक संतप्त परिजनों, सहयोगियों और समर्थकों को धैर्य दें।
उपराष्ट्रपति एम. वेंकैया नायडू

'अनंत कुमार जी का निधन देश और मेरे व्यक्तिगत जीवन के लिए बहुत बड़ी क्षति है। वे हमलोगों के अनन्य मित्र और महान मार्गदर्शक थे। हाल में बीते कर्नाटक चुनाव में हम लोगों ने एक साथ काम किया था। उनका अचानक जाना सबके लिए बहुत बड़ा सदमा है। बेंगलुरु में उनकी अंतिम यात्रा में हम लोग शामिल होंगे।
केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावडेकर

यह जानकर बहुत दुख हुआ अनंत कुमार अब हमारे बीच नहीं है। उन्होंने पूरे जीवन भाजपा की सेवा की। बेंगलुरु हमेशा उनके दिल और दिमाग में था।
रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण
 

मैंने अपना परम मित्र खो दिया। वे आदर्शों वाले राजनेता थे जिन्होंने एक सांसद और मंत्री के तौर पर देश को बहुत कुछ दिया। भगवान उनकी आत्मा को शांति दे और उनके परिजनों और सगे-संबंधियों को दुख सहने की क्षमता दे।
कर्नाटक के मुख्यमंत्री एचडी कुमारस्वामी

बता दें कि शंकरा अस्पताल में अंनत कुमार ने तड़के 2 बजे आखिरी सांस ली। उस वक्त उनकी पत्नी तेजस्विनी और दोनों बेटियां भी वहां मौजूद थीं। अमेरिका और ब्रिटेन में इलाज कराने के बाद वह हाल में ही बेंगलुरु लौटे थे। उनका बाद में यहां शंकरा अस्पताल में उपचार चल रहा था। वह पिछले कुछ दिनों से वेंटिलेटर पर थे।

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