दिल्ली के बाद यूपी बोर्ड भी हिट, योगी राज में आए ये बड़े बदलाव

उत्तर प्रदेश 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा की तारीख जारी कर दी गई है और इस बार परीक्षा से 6 महीने पहले ही तारीख की घोषणा कर दी गई है। दरअसल सरकार का यूपी बोर्ड को अन्य शिक्षा बोर्ड के समक्ष खड़ा करने का प्रयास जारी है। सरकार यूपी बोर्ड के पढ़ाई के स्तर को बढ़ाने के लिए कई कदम उठा चुकी है और सरकार के ये कदम काफी सराहनीय भी है। आइए जानते हैं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार में यूपी बोर्ड में कौन-कौन से बड़े बदलाव हुए हैं।

PunjabKesari
समय पर परीक्षाएं और रिजल्ट

बोर्ड परीक्षा को अभी काफी वक्त है, लेकिन उप मुख्यमंत्री दिनेश शर्मा ने बता दिया है कि परीक्षा का आयोजन 7 फरवरी से किया जाएगा। यह परीक्षाएं काफी जल्दी हो रही हैं और परीक्षा के नतीजे भी जल्द जारी होने की उम्मीद है. पिछले साल भी बोर्ड ने इसलिए परीक्षा के रिजल्ट पहले ही जारी कर दिए थे, ताकि परीक्षार्थियों को आगे की पढ़ाई के लिए एडमिशन में कोई दिक्कत नहीं है।

 PunjabKesari
नकल पर कसी नकेल
सरकार की ओर से परीक्षा में नकल पर रोक लगाई है और सरकार इसमें सफल हुई है। पिछले साल भी नकल पर नकेल की वजह से 10 लाख परीक्षार्थियों ने बीच में ही परीक्षा छोड़ दी थी। इस बार भी नकल के डर से कम लोगों ने आवेदन किया है। इस बार भी उम्मीदवारों की संख्या में 9 लाख की कमी हुई है। पिछले साल यह संख्या 66.39 लाख थी। इस प्रकार स्टूडेंट्स की संख्या में 8.52 लाख की कमी आई है। इसमें हाईस्कूल में 31.56 लाख और इंटरमीडिएट में 24.90 लाख छात्र छात्राओं का पंजीकरण हुआ है।

PunjabKesari

एनसीईआरटी कोर्स लागू
 यूपी बोर्ड ने सीबीएसई के बराबर आने के लिए एनसीईआरटी कोर्स लागू करने का फैसला किया है. जनवरी में किए गए इस फैसले में कहा गया था कि अब यूपी बोर्ड के विद्यार्थी भी एनसीईआरटी कोर्स की पढ़ाई भी करेंगे। इससे बच्चों को प्रदेश स्तर के साथ साथ विश्व स्तर तक ज्ञान हासिल होगा।

 विदेशी भाषा
 आपने हमेशा देखा होगा कि राज्य बोर्ड में एक्स्ट्रा भाषा में क्षेत्रीय भाषाओं की ही पढ़ाई करवाई जाती थी, लेकिन यूपी बोर्ड में अब विदेशी भाषाओं को भी शामिल किया है। इससे यूपी बोर्ड से पढ़ाई करने वाले विद्यार्थी भी अब विदेशी भाषाओं की पढ़ाई कर सकेंगे।

20 किलोमीटर से ज्यादा दूर नहीं होंगे परीक्षा केंद्र
यूपी बोर्ड में पहले परीक्षार्थी बोर्ड परीक्षा के अपने सेंटर को लेकर काफी चिंतित रहते थे, लेकिन अब ऐसा नहीं होगी। यूपी बोर्ड की नई नीति के अनुसार अब उम्मीदवारों का परीक्षा केंद्र 20 किलोमीटर से ज्यादा दूर नहीं होगा।

यहाँ आप निःशुल्क रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं, भारत मॅट्रिमोनी के लिए!
× RELATED बिना NEET के भी विदेश में कर सकते हैं पढ़ाई, ये हैं शर्त