RSS के कार्यक्रम में शामिल होंगे 60 देश, पाक को नहीं भेजा न्योता

नेशनल डेस्क: आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत की अगले सप्ताह होने वाली तीन दिवसीय व्याख्यान माला में सभी बड़े राजनीतिक दलों के नेताओं को आमंत्रित किया गया है। इसके साथ ही धार्मिक नेताओं, फिल्म सितारों, खिलाडिय़ों, उद्यमियों, सेवानिवृत्त न्यायाधीशों, सशस्त्र बलों के पूर्व प्रमुखों और 60 से अधिक देशों के राजदूतों के भी इस कार्यक्रम में भाग लेने की संभावना है। खास बात यह है कि इसमें भारत के पड़ेसी मुल्क पाकिस्तान का नाम शामिल नहीं है। 

500 व्यक्तियों की सूची हुई तैयार 
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने बताया कि 17 से 19 सितंबर तक ‘‘भारत का भविष्य : आरएसएस का दृष्टिकोण’ विषय पर भागवत के तीन दिवसीय व्याख्यान माला के लिए करीब 500 गणमान्य व्यक्तियों की सूची तैयार की गई है। संघ के एक पदाधिकारी ने बताया कि विभिन्न मुद्दों पर संघ के दृष्टिकोण को बताने और उसके कामकाज एवं विचारधारा के बारे में गलत धारणाओं को मिटाने के लिए यह अपनी तरह का पहला कार्यक्रम है इसलिए यह महसूस किया गया कि इसमें सभी वर्गों के लोगों को आमंत्रित करना चाहिए।  

धार्मिक नेता, फिल्म स्टार, खिलाड़ी भी आमंत्रित 
निमंत्रण भेजने की प्रक्रिया से जुड़े संघ के एक अन्य पदाधिकारी ने कहा कि सूची में सभी धर्मों के धार्मिक नेता, फिल्मी सितारे, खिलाड़ी, मीडियाकर्मी, सेवानिवृत्त न्यायाधीश और सशस्त्र बलों के पूर्व प्रमुखों के नाम शामिल हैं।  60 से ज्यादा देशों के राजदूतों को भी आमंत्रित किया जाएगा। उन्होंने कहा ​कि पाकिस्तान को इसलिए इससे दूर रखा गया है क्योंकि वो आतंकवाद का समर्थन करता है, सीमा पर भारतीय जवानों की हत्या करता है। साथ ही भारत के साथ उसके रिश्ते तनावपूर्ण हैं।

राहुल गांधी को भी भेजा जाएगा न्योता
पदाधिकारी ने बताया कि चीन के दूतावास को इस कार्यक्रम में बुलावा भेजा जाएगा क्योंकि भारत और चीन में काफी संस्कृतिक समानताएं हैं। आरएसएस ने यह संकेत दिया था कि वह कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी, माकपा महासचिव सीताराम येचुरी और विभिन्न विचारधाराओं वाले सभी राजनीतिक दलों के नेताओं को आमंत्रित करेगा।  इससे पहले आरएसएस प्रचार प्रमुख अरुण कुमार ने कहा था कि भारत के भविष्य के संदर्भ में व्याख्यान माला आयोजित की जा रही है और भागवत राष्ट्रीय महत्व के विभिन्न समकालीन मुद्दों पर संघ के विचार रखेंगे। 

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