आस्ट्रेलियाई अदालत ने समलैंगिक विवाह पर डाक मत के खिलाफ चुनौतियों को किया खारिज

Thursday, September 7, 2017 3:27 PM
आस्ट्रेलियाई अदालत ने समलैंगिक विवाह पर डाक मत के खिलाफ चुनौतियों को किया खारिज

सिडनी: आस्ट्रेलिया के हाईकोर्ट ने समलैंगिक विवाह पर डाक मत कराने की सरकारी योजना के खिलाफ दो चुनौतियों को खारिज कर दिया जिससे इस पर फैसले के लिए राष्ट्रीय सर्वेक्षण कराने का मार्ग प्रशस्त हो गया है कि ऐसी शादियों को वैध माना जाना चाहिए या नहीं। इस फैसले का मतलब है कि मत पत्रों को निर्धारित समयानुसार अगले सप्ताह भेजा जाएगा और इसके नतीजे नवंबर में पता चलेंगे।
PunjabKesariसमलैंगिक अधिकारों के समर्थक प्रधानमंत्री मैल्कम टर्नबुल ने फैसले का स्वागत किया। उन्होंने कैनबेरा में संसद में कहा,‘‘हम प्रत्येक ऑस्ट्रेलियाई नागरिक को इस सर्वेक्षण में भाग लेने और अपनी राय रखने के लिए प्रेरित करते हैं।जैसा कि मैंने इस सदन और कई अन्य जगहों पर कहा कि लूसी(पत्नी) और मैं इसके पक्ष में मतदान करेंगे और मैं अन्य लोगों को भी इसके पक्ष में मतदान करने के लिए प्रेरित करूंगा।’’
PunjabKesariचुनाव पूर्व सर्वेक्षणों में संकेत मिला है कि आस्ट्रेलिया में वैवाहिक समता को काफी समर्थन हासिल है लेकिन इस मामले पर निर्णय लेने के सर्वश्रेष्ठ माध्यम को लेकर राजनीतिक लड़ाई के बीच इसे लेकर गतिरोध एक दशक से भी अधिक समय से जारी है। टर्नबुल की कंजर्वेटिव सरकार ने गत वर्ष राष्ट्रीय जनमत संग्रह कराने का चुनावी वादा किया था लेकिन उच्च सदन सीनेट में दो बार इस प्रस्ताव को खारिज कर दिया गया जिसके बाद उन्हें डाक मत का विकल्प अपनाना पड़ा।  
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समलैंगिक विवाह के समर्थक स्वैच्छिक डाक मतदान का कड़ा विरोध कर रहे हैं। उनका कहना है कि यह बहुत खर्चीला है और इसके कारण लोग समलैंगिकों एवं उनके परिवार को लेकर घृणा पैदा करने वाली टिप्पणियां करेंगे। समलैंगिक विवाह के दो समर्थक समूहों ने इसे हाईकोर्ट में चुनौती देते हुए दलील दी कि संसद की मंजूरी के बिना डाक मत कराकर सरकार अपनी शक्तियों का अतिक्रमण कर रही है।लेकिन अदालत ने उनकी चुनौतियों को खारिज कर दिया।  




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