आज का गुडलक- श्राद्ध के पहले दिन दुर्भाग्य को कहें Bye-bye

Wednesday, September 6, 2017 6:45 AM
आज का गुडलक- श्राद्ध के पहले दिन दुर्भाग्य को कहें Bye-bye

बुधवार दि॰ 06.09.17 आश्विन कृष्ण एकम पर प्रतिपदा का श्राद्ध मनाया जाएगा। शास्त्र स्कंदपुराण के अनुसार पितृगण दूर से हुए पूजन से संतुष्ट होते हैं तथा गंध-रस तर्पण से तृप्त होते हैं। शास्त्रों में पितृगण का आहार मंत्रोच्चारण में दी हुई आहुतियों का द्रव्य है। मुहूर्त के अनुसार प्रतिपदा आज दिन 12:32 से धुरु होकर गुरुवार दि॰ 07.09.17 को दिन 11:52 तक रहेगी। आज कुतुप दिन 11:54 से दिन 12:44 तक, रौहिण दिन 12:44 से दिन 13:33 तक व अपराह्न दिन 13:33 से शाम 16:03 तक है। 


श्राद्ध विधि: पितृगण के निमित गौघृत का दीप करें, सुंगधित धूप करें, मिश्री, तुलसी व गोलोचन चढ़ाएं। पूड़ी व लौकी के हलवे का भोग लगाएं। पितृ के निमित श्रीहरि का ध्यान करते हुए भागवत गीता के पहले आध्याय का पाठ करें व यह विशिष्ट मंत्र जपें। जप के बाद ब्राहमणों के पांव धोकर सत्कार करें। पूड़ी, हलवे व सात्विक सब्ज़ी का भोजन करवाएं। वस्त्र पात्र व उचित दक्षिणा देकर आशीर्वाद लें। प्रतिपदा का विधिवत श्राद्ध करने से दुर्भाग्य मिटता है व धन-धान्य में वृद्धि मिलती है।


पितु निमित विशेष मंत्र: ॐ मुक्तानां परमगतये नमः॥


श्रेष्ठ श्राद्ध मुहूर्त: दिन 12:44 से दिन 13:33 तक। 


मुहूर्त विशेष
अभिजीत मुहूर्त:
नहीं है।


अमृत काल: अगले दिन प्रातः 04:57 से लेकर प्रत 06:33 तक।


यात्रा मुहूर्त: दिशाशूल - उत्तर। राहुकाल वास - नैऋत्य। अतः उत्तर व नैऋत्य दिशा की यात्रा टालें।


आज का गुडलक ज्ञान
गुडलक कलर:
पिस्ता।


गुडलक दिशा: पश्चिम।


गुडलक टाइम: शाम 19:00 से रात 20:25 तक।


गुडलक मंत्र: ॐ सत्यसन्धायै नमः॥


गुडलक टिप: सौभाग्य प्राप्ति हेतु किसी किन्नर को हरा कपड़ा दान करें।


गुडलक फॉर बर्थडे: तुलसी के पौधे कि उल्टी परिक्रमा लगाएं, मिलेगा टैंशन से छुटकारा। 


गुडलक फॉर एनिवर्सरी: दांपत्य विवाद मिटाने हेतू पति-पत्नी मिलकर किसी गाय को हरी घास खिलाएं।


आचार्य कमल नंदलाल
ईमेल: kamal.nandlal@gmail.com



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