पंचतीर्थ स्नान आरंभ: 33 करोड़ देवी-देवताओं के साथ ब्रह्मा जी का रहेगा वास

Tuesday, October 31, 2017 12:15 PM
पंचतीर्थ स्नान आरंभ: 33 करोड़ देवी-देवताओं के साथ ब्रह्मा जी का रहेगा वास

अजमेर 31 अक्टूबर (वार्ता) राजस्थान में अजमेर के पुष्कर में चल रहे अंतर्राष्ट्रीय मेले में आज से पंचतीर्थ स्नान के साथ शुरू हुआ धार्मिक मेला आगामी 4 नवंबर कार्तिक पूर्णिमा के दिन महास्नान के साथ संपन्न होगा। प्रबोधिनी एकादशी के मौके पर इन पांच दिनों में कोई ढाई लाख से ज्यादा श्रद्धालु पुष्कर सरोवर में डुबकी लगाकर पुण्योदय की कामना करेंगे। पंचतीर्थ स्नान के पहले दिन एकादशी के धार्मिक महत्व को देखते हुए सरोवर में सुबह चार बजे से ही स्नान का सिलसिला शुरू हो गया है। 


पुष्कर के घाटों पर सर्वप्रथम संत-महंतों, तीर्थपुरोहितों व पंडितों ने विधिवत पूजा अर्चना और मंत्रोच्चार के साथ स्नान का शुभारंभ करते हुए देवी-देवताओं का आह्वान किया। मुख्य ब्रह्म व गऊ घाट पर पौ फटते ही श्रद्धालुओं का जमावड़ा शुरू हो गया। श्रद्धालुओं ने आस्था की डुबकी लगाकर अपने परिवार के लिए खुशहाली व समृद्धि की कामना की। 


मान्यता है कि सृष्टि के रचियता जगत गुरु ब्रह्मा जी द्वारा किए गए यज्ञ के दौरान हाथ से कमल पुष्प छूटने से वहीं पर पवित्र पुष्कर सरोवर का उद्धव हुआ। इन दिनों यहां 33 करोड़ देवी-देवताओं के साथ स्वयं ब्रह्मा जी का वास रहता है और स्नान व ध्यान से अक्षत फल की प्राप्ति होती है। मेला पंचतीर्थ स्नान की शुरुआत के साथ ही परवान पर है, पूरे कस्बे में रौनक व रोशनी बरकरार है। जिला प्रशासन द्वारा नगर पालिका के सहयोग से पुष्कर के घाटों पर सुरक्षा के पर्याप्त बंदोबस्त किए गए हैं। सुरक्षा में जुटे विभिन्न एजेंसियों के जवान श्रद्धालुओं को घाटों तक ही सीमित रख रहे हैं और गहरे सरोवर की ओर नहीं जाने दे रहे हैं।



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